मरीजों के लिए स्मार्ट एम्बुलेंस से लेकर खरीदारों के लिए नये अनुभव तक, 5G में बहुत कुछ मिलेगा
नई दिल्ली। दूरसंचार कंपनियों के जल्द से जल्द 5जी सेवा चालू करने की तैयारियों में जुटने से भारत आने वाले वक्त में बेहतर डेटा स्पीड और रुकावट मुक्त वीडियो के लिए मुस्तैद हो रहा है। इन सेवाओं के आने के बाद लोगों को स्मार्ट एंबुलेंस से लेकर क्लाउड गेमिंग तक सब कुछ मिलेगा। यहां तक …
नई दिल्ली। दूरसंचार कंपनियों के जल्द से जल्द 5जी सेवा चालू करने की तैयारियों में जुटने से भारत आने वाले वक्त में बेहतर डेटा स्पीड और रुकावट मुक्त वीडियो के लिए मुस्तैद हो रहा है। इन सेवाओं के आने के बाद लोगों को स्मार्ट एंबुलेंस से लेकर क्लाउड गेमिंग तक सब कुछ मिलेगा। यहां तक कि खरीदारी के दौरान ग्राहकों को एकदम नए तरह के अनुभव भी हो सकते हैं। पांचवीं पीढ़ी यानी 5जी दूरसंचार सेवाओं के जरिए कुछ ही सेकंड में मोबाइल और अन्य उपकरणों पर उच्च-गुणवत्ता वाले लंबी अवधि के वीडियो या फिल्म को डाउनलोड किया जा सकता है। यह एक वर्ग किलोमीटर में करीब एक लाख संचार उपकरणों को समर्थन करेगा।
यह सेवा सुपरफास्ट स्पीड (4जी से लगभग 10 गुना तेज), संपर्क में होने वाली देरी में कटौती और अरबों संबद्ध उपकरणों को वास्तविक समय में डेटा साझा करने में सक्षम बनाती है। इसके जरिये 3डी होलोग्राम कॉलिंग, मेटावर्स अनुभव और शैक्षिक अनुप्रयोगों को नए सिरे से परिभाषित किया जा सकता है। भारतीय उपभोक्ताओं को जल्द ही चुनिंदा शहरों में 5जी सेवाएं मिलने लगेंगी और अगले 12-18 महीनों में इसका व्यापक प्रसार देखने को मिलेगा। समय के साथ नयी तकनीक जीवन के उन अनुप्रयोगों को भी हकीकत में तब्दील कर देगी जो महज कुछ साल पहले दूर की कौड़ी नजर आते थे।
खुदरा विक्रेता 5जी परिवेश में संवर्धित वास्तविकता (एआर) के साथ काम कर रहे हैं। इसके जरिये खरीदारों को इस तरह का अनुभव दिया जा सकता है कि एक नया फर्नीचर उनके घरों में किस तरह नजर आएगा। 5जी सेवा शिक्षा प्रदान करने के तरीके को भी बदल सकती है। यहां तक कि दूरदराज के क्षेत्रों में भी शिक्षकों या अतिथि व्याख्याताओं को संचालित होलोग्राम के माध्यम से जोड़कर या मिश्रित-वास्तविकता वाली सामग्री को कक्षाओं में प्रसारित करके शिक्षा दी जा सकती है। इस साल की शुरुआत में एयरटेल ने अपोलो हॉस्पिटल्स और सिस्को के साथ मिलकर 5जी कनेक्टेड एम्बुलेंस का प्रदर्शन किया था। इसकी मदद से अस्पताल में डॉक्टरों और विशेषज्ञों को वास्तविक समय में मरीज के टेलीमेट्री डेटा की जानकारी मिल सकती है।
ये भी पढ़ें- बांग्लादेश में हाहाकार, 50 प्रतिशत बढ़े पेट्रोल-डीजल के दाम, सड़कों पर उतरी जनता
