शाहजहांपुर: स्मृति द्वार पर फ्लैक्स को लेकर विधायक-पूर्व विधायक में टकराव की नौबत
शाहजहांपुर/तिलहर, अमृत विचार। गांव रुद्रपुर में लगे स्मृति द्वार से स्वतंत्रता संग्राम सेनानी सत्यदेव शास्त्री का फोटो हटाए जाने का विवाद दूसरे दिन भी उस समय गर्मा गया, जबकि विधायक की लगी फोटो वाले फ्लैक्स को पूर्व विधायक रोशन लाल वर्मा ने नहीं लगने दिया। इस पर विधायक सलोना कुशवाहा ने अपने समर्थकों के साथ …
शाहजहांपुर/तिलहर, अमृत विचार। गांव रुद्रपुर में लगे स्मृति द्वार से स्वतंत्रता संग्राम सेनानी सत्यदेव शास्त्री का फोटो हटाए जाने का विवाद दूसरे दिन भी उस समय गर्मा गया, जबकि विधायक की लगी फोटो वाले फ्लैक्स को पूर्व विधायक रोशन लाल वर्मा ने नहीं लगने दिया।
इस पर विधायक सलोना कुशवाहा ने अपने समर्थकों के साथ पहुंचकर प्रशासन और पुलिस की मौजूदगी में अपने फोटो वाला फ्लैक्स लगवा दिया। इस पर पूर्व विधायक रोशनलाल वर्मा ने चेतावनी दी है कि मेरे द्वारा लगवाए गए गेट से विधायक अपने फ्लैक्स तत्काल हटवा लें अन्यथा पूरा समाज विशाल आंदोलन करेगा।
दरअसल सोमवार को गांव रुद्रपुर में कन्या संस्कृत महाविद्यालय के बाहर लगे स्मृति द्वार से स्वतंत्रता संग्राम सेनानी सत्यदेव शास्त्री की फोटो हटवाकर योगी, मोदी और विधायक सलोना कुशवाहा के फोटो वाला फ्लैक्स लगवा दिया गया था, जिसका संस्कृत महाविद्यालय की अधिष्ठाता और छात्र-छात्राओं ने जबरदस्त विरोध करते हुए धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया था। विधायक के माफी मांगने और अपने फ्लैक्स को हटवाने के बाद धरना समाप्त हो गया था।
मंगलवार को उसी स्थान पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी सत्यदेव शास्त्री और मोदी-योगी व विधायक सलोना कुशवाहा के फोटो वाला फ्लैक्स लगवाया जा रहा था। सूचना पर पूर्व विधायक रोशनलाल वर्मा ने मौके पर पहुंचकर फ्लैक्स लगा रहे लोगों को खरी-खोटी सुनाते हुए फ्लैक्स नहीं लगने दिया। फ्लैक्स लगाने वाले मजदूरों को भगाकर पूर्व विधायक लौट गए। यह जानकारी विधायक सलोना कुशवाहा को हुई तो वे अपने तमाम समर्थकों के साथ रुद्रपुर गांव के प्रवेश द्वार पर पहुंच गई।
उन्होंने पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों को भी मौके पर बुला लिया। एसडीएम राशि कृष्णा, सीओ वीएस वीर कुमार और कोतवाली प्रभारी बीरेंद्र सिंह की मौजूदगी में नगर पालिका प्रशासन की इलेक्ट्रॉनिक मशीन भाजपा विधायक के चित्र वाला फ्लैक्स लगा दिया। इस दौरान भाजपा नेता सौरभ गुप्ता, राम लखन कुशवाहा, शशांक गुप्ता, शोभित मौर्या, आशुतोष सिंह, धर्मवीर गंगवार, संस्कृत महाविद्यालय के संचालक अनुभव आर्य आदि मौजूद रहे।
विधायक सलोना कुशवाहा द्वारा मेरे द्वारा शहीदों, महापुरुषों और महारानी अवंतीबाई के सम्मान में विधायक निधि से उनके सम्मान में स्वागत गेट लगवाए गए थे। उन्हें हटवाकर अपने फोटो वाले फ्लैक्स बनवाकर गेटों पर चिपकाए जा रहे हैं। इससे शहीदों और महापुरुषों को अपमान है, जिससे समाज आहत है। मेरा उनसे (विधायक सलोना से) कहना है कि मेरे द्वारा 15 वर्षों में कराए गए विकास कार्यों का श्रेय ले लें, लेकिन शहीदों को अपमान न करें। हमारा समाज इससे बहुत आहत है। यदि उन्होंने हमारे गेट से अपने फ्लैक्स न हटवाए तो हमारा समाज विशाल आंदोलन करेगा। प्रशासन भी इसकी जांच कर हमारे द्वारा लगवाए गए गेट से विधायक सलोना का फ्लैक्स हटवाएं—रोशनलाल वर्मा, पूर्व विधायक-तिलहर।
पूर्व विधायक ने अपने कार्यकाल में लगवाए गए प्रवेश द्वारों को अगर अपने पैसों से लगवाया हो तो बिल दें। यह गेट विधायक निधि से लगवाए गए थे। 2022 के चुनाव में जनता ने उन्हें विधायक चुना है। प्रवेश द्वारों पर मौजूदा विधायक का ही चित्र लग सकता है, इसलिए उन्होंने गेटों पर फ्लैक्स लगवाए हैं, जिसमें अपने चित्र लगवा देए हैं। पूर्व विधायक हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज होने के बाद भी लगातार इस तरह गुंडागर्दी करने का काम कर रहे हैं,जो निंदनीय है। पुलिस और प्रशासन इस पर ध्यान दें अन्यथा वह उच्चाधिकारियों से शिकायत करेंगी—सलोना कुशवाहा, विधायक-तिलहर।
