Delhi Liquor Policy: दिल्ली में बहाल हुई पुरानी आबकारी नीति, सरकारी ठेके खुले
नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में बृहस्पतिवार से पुरानी आबकारी नीति बहाल हो गई है जिससे शराब के खुदरा व्यापार से निजी विक्रेताओं को बाहर जाना पड़ा है और उनकी जगह सरकारी विक्रय स्थलों ने ले ली है। आबकारी विभाग ने दावा किया है कि शहर में शराब के 300 ठेके तैयार कर दिए गए …
नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में बृहस्पतिवार से पुरानी आबकारी नीति बहाल हो गई है जिससे शराब के खुदरा व्यापार से निजी विक्रेताओं को बाहर जाना पड़ा है और उनकी जगह सरकारी विक्रय स्थलों ने ले ली है। आबकारी विभाग ने दावा किया है कि शहर में शराब के 300 ठेके तैयार कर दिए गए हैं।
हालांकि व्यापार विशेषज्ञों ने कहा कि पहले दिन इनमें से करीब 240 ठेके खुलेंगे, इससे पहले बुधवार को निजी ठेके बंद हो चुके हैं। आबकारी विभाग ने अब तक भारत में निर्मित विदेशी शराब के 130 ब्रांड और 230 विदेशी ब्रांड का ही पंजीयन किया है। विभाग का अनुमान है कि सितंबर में प्रतिदिन शराब की करीब 12 लाख बोतलों की बिक्री हो सकती है और इसलिए उसने 40 लाख से अधिक बोतलों की व्यवस्था की है।
अधिकारियों ने बताया कि अगस्त में शराब की मांग 15 लाख बोतल प्रतिदिन तक पहुंच गई थी। पुरानी आबकारी नीति 17 नवंबर 2021 तक प्रभावी थी, बाद में इसकी जगह नई नीति ने ले ली थी। अब पुरानी नीति बहाल होने का मतलब है कि निजी ठेके जो छूट देते थे वे अब नहीं मिलेंगी।
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