सीएम योगी ने कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए की बैठक

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लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में निगरानी के पैमाने को सख्त करने, फॉलो-अप और संपर्क ट्रेसिंग को बढ़ाने का निर्देश दिया है। उत्तर प्रदेश में कोविड-19 के एक दिन में सर्वाधिक मामले सामने आने के बाद राज्य में संक्रमण के आंकड़े 49,247 पहुंच गए, जिसे देखते हुए मुख्यमंत्री योगी …

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में निगरानी के पैमाने को सख्त करने, फॉलो-अप और संपर्क ट्रेसिंग को बढ़ाने का निर्देश दिया है। उत्तर प्रदेश में कोविड-19 के एक दिन में सर्वाधिक मामले सामने आने के बाद राज्य में संक्रमण के आंकड़े 49,247 पहुंच गए, जिसे देखते हुए मुख्यमंत्री योगी ने रविवार देर रात बैठक की।

वहीं राज्य में और 38 लोगों की मौत के बाद मौत का आंकड़ा 1,146 तक पहुंच गया। राज्य के स्वास्थ्य विभाग द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, राज्य में अब तक 29,845 लोग डिस्चार्ज हो चुके हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को कोरोनोवायरस के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए प्रभावी योजनाओं को लागू करने का निर्देश दिया।

योगी आदित्यनाथ ने आगे कहा कि कोरोनावायरस के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए सभी जिला मजिस्ट्रेट, पुलिस प्रमुख, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, मेडिकल कॉलेजों के प्रिंसिपल और नगरपालिका अधिकारियों को नियमित रूप से मिलते रहना चाहिए। उन्हें वायरस के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए प्रभावी और सकारात्मक कार्रवाई करने को लेकर चर्चा करते रहना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि संक्रमण के स्विफ्ट ट्रैकिंग के लिए इंटीग्रेटेड कमांड और कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) में टेस्ट से गुजरने वाले कोविड-19 रोगियों के पहचान पत्र और फोन नंबर संलग्न किया जाना चाहिए। राज्य के प्रत्येक जिले में कमांड कंट्रोल सेंटर स्थापित किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि वायरस से संक्रमित पाए जाने वाले लोगों को वापस लाने के लिए आईसीसीसी को और सजग होने की आवश्यकता है।

अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह, अवनीश अवस्थी ने कहा, “सभी जिला मजिस्ट्रेट और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को कहा गया है कि जो भी लैब में संक्रमण का टेस्ट कराने आते हैं, उनका फोन नंबर और उनका पता जरूर नोट किया जाए। राज्य सरकार ने टेस्ट की गति बढ़ाने के लिए रैपिड एंटीजेन टेस्टिंग करने का फैसला किया है, जिससे कि जल्द परिणाम मिल सके।”

अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह ने आगे कहा, “सफाई और सैनिटाइजेशन के अलावा अस्पतालों में आवश्यक रूप से एम्बुलेंस, व्हीलचेयर, स्ट्रेचर और ऑक्सीजन उपलब्ध होने चाहिए।” ग्रामीण विकास, पंचायती राज और शहरी विकास विभागों को लोगों के पीने योग्य पानी सुनिश्चित करने के अलावा, स्वच्छता और फॉगिंग करने के लिए कहा गया है।

उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटों में कोरोनोवायरस के सबसे अधिक मामले सामने आए हैं, जो कि 2250 है। इसमें लखनऊ में अधिकतम 392 मामले, इसके बाद कानपुर में 168, नोएडा में 125 और प्रयागराज जिले में 100 मामले दर्ज किए गए हैं।

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