Joshimath : तीन जोनों में बंटा जोशीमठ, नम आंखों के साथ घर छोड़ने को मजबूर लोग
जोशीमठ, अमृत विचार। भू-धंसाव के कारण जोशीमठ में 603 भवनों में दरारें आ चुकी हैं। डेंजर जोन में चिन्हित भवनों को सील कर दिया गया है। इसी के साथ एसडीआरएफ ने यहां सुई गांव में घर खाली कराने का अभियान भी शुरू कर दिया है। वहीं मनोहर बाग में प्रभावितों ने खुद ही घर छोड़ने शुरू कर दिया। प्रभावित अपना सामान लेकर निकल पड़े हैं।
जोशीमठ की तस्वीरें ह्यदयविदारक हैं। आंखों में आंसू लिए और यादें समेटे लोग मजबूरन अपना घर छोड़ रहे हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर जोशीमठ भेजे गए सचिव मुख्यमंत्री आर मीनाक्षी सुंदरम ने जिलाधिकारी हिमांशु खुराना को दो दिन में नगर के भवनों और उसमें रहने वाले लोगों के बारे में आंकड़े जुटाने के निर्देश दिए हैं। वहीं जलशक्ति मंत्रालय की हाईपावर कमेटी जोशीमठ पहुंच गई है।
इधर, जोशीमठ पहुंचने पर मुख्यमंत्री की सचिव आर मीनाक्षी ने कहा कि मैं अब जोशीमठ में ही रहूंगा। जिला प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि सबसे पहले वह भवनों को तीन जोन में बांटे। कई व्यावसायिक भवन भी हैं। लोग जोशीमठ से दूर स्थायी तौर पर शिफ्ट होना चाहेंगे या नहीं, इन सभी पहलुओं पर सूचनाएं जुटाने के बाद आगे की नीति पर काम करेंगे।
