बांदा : 40 दिन के बच्चे के दिमाग का सफल ऑपरेशन

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

मात्र एक घंटे में यूजर चार्ज पर किया ऑपरेशन

अमृत विचार, बांदा। रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज के न्यूरो सर्जन अरविंद कुमार झा ने एक ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसकी कल्पना इससे पहले बांदा में नहीं कि जा सकती थी। न्यूरो सर्जन ने बीमारी की भयावहता को देखते न सिर्फ तुरंत ऑपरेशन की सलाह दी, बल्कि मात्र एक घंटे में ऑपरेशन भी कर दिया। प्राइवेट अस्पतालों में इस ऑपरेशन का खर्च 50 से 60 हजार रुपया आता है। 
जनपद के नरैनी तहसील अंतर्गत भवानीपुर गांव निवासी इंद्रपाल पटेल का 40 दिन का बच्चा बीमार था।

डॉक्टरों की सलाह पर जांच करवाने से पता चला था कि बच्चे के दिमाग मे पानी भरा हुआ है। उसने कई प्राइवेट डॉक्टरों को दिखाया, लेकिन किसी भी डॉक्टर ने शिशु के ऑपरेशन का जिम्मा नहीं लिया। तब इंद्रपाल शनिवार को अपने बच्चे को लेकर रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज में कार्यरत बालरोग विशेषग डॉ.अनीता अग्रहरि से मिला।

डॉ.अनीता ने बच्चे को भर्ती कर लिया और जांच व प्राथमिक उपचार के बाद बच्चे की बीमारी को समझते हुए न्यूरो सर्जन डॉ.अरविंद कुमार झा को दिखाया। बीमारी की भयावहता को भांपते जुए डॉ.अरविंद ने इंद्रपाल को तत्काल ऑपरेशन की सलाह दी। डॉ.झा ने सोमवार को उस बच्चे का सफल ऑपरेशन कर दिया।

खर्च के संबंध में उन्होंने बताया कि अगर यह ऑपरेशन किसी प्राइवेट अस्पताल में होता तो पचास से साठ हजार खर्च हो जाते, जबकि रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज में सिर्फ सरकारी यूजर चार्ज पर ही यह ऑपरेशन संभव हो गया है। रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ.मुकेश यादव ने इस सफल ऑपरेशन के लिए पूरी टीम को बधाई दी है, बच्चे के पिता और परिजनों ने भी डॉक्टरों की टीम का धन्यवाद किया है। ऑपरेशन के बाद अब बच्चा एनआईसीयू में डॉ.अनीता और न्यूरो सर्जन डॉ.अरविंद कुमार झा की देखरेख में है।

पानी के रिसाव का दूसरा रास्ता बनाना पड़ा

रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज के न्यूरो सर्जन डॉ.अरविंद ने बताया कि शिशुओं के दिमाग मे कुदरती तौर पर पानी का रिसाव होता है, लेकिन इस बच्चे के दिमाग में पानी के रिसाव का रास्ता बंद था, जिसकी वजह से पानी उसके दिमाग में भर गया था। उन्होंने ऑपरेशन कर दूसरा रास्ता बना दिया है।

यह भी पढ़ें : लखनऊ की सुंदरता के कायल हुए विदेशी मेहमान

संबंधित समाचार