अयोध्या: राम पथ पर जमीन के भीतर 10 फुट तक क्या-क्या है, पता लगाएगी जीपीएम
अयोध्या, अमृत विचार। सआदतगंज से नयाघाट तक 13 किमी लम्बे यूटिलिटी डक्ट निर्माण के लिए गड्ढों की खोदाई के पहले ग्राउंड पेनिटेशन मशीन से जमीन का एक्स-रे किया जाएगा। यह मशीन जमीन के 10 फीट अंदर क्या-क्या है, इसका पता लगाएगी। इस मशीन को लाने के लिए लोक निर्माण विभाग प्रयास में लगा हुआ है।
इस मशीन को लगाकर जमीन के अंदर की स्थिति पता लगाना इसलिए भी जरूरी हो गया है ताकि सिविल लाइस में पाइप लाइन व दूरसंचार केबल टूटने की घटना की पुनरावृत्ति न हो सके। कुछ दिन पहले जेसीबी से गढ्ढे की खोदाई के दौरान सिविल लाइन में 123 साल पुरानी कास्ट आयरन की बनी पाइप लाइन टूट गई थी जिससे सैकड़ों घरों में पेयजल आपूर्ति पांच दिन ठप रही। साथ ही टेलीफोन केबल टूटने से करीब 700 उपभोक्ता ब्रॉड बैंड, टेलीफोन सुविधा से वंचित हो गए थे।
बिजली की केबल भी कई जगह से कट गई थी। क्योंकि गढ्ढे की खोदाई का कार्य नयाघाट तक होना है और आगे भी इसी तरह की समस्या आ सकती है, इसलिए जिला प्रशासन के निर्देश पर लोक निर्माण विभाग ने आगे की खोदाई के पहले ग्राउंड पेनिटेशन मशीन(जीपीएम) से जमीन के अंदर की स्थिति सर्च कराने की जरूरत समझी है।
यूटिलिटी गड्ढे की खोदाई की अभी ग्राउंड रिपोर्ट प्राप्त नहीं हुई है। रिपोर्ट आने के बाद ग्राउंड पेनीटेशन मशीन के जरिये जमीन के अंदर की जानकारी के लिए मशीन मंगाई जा रही है। साथ ही जलकल, हाईडिल, पीडब्ल्यूडी के साथ प्रशासन ने बैठक की है।
सभी विभाग के कर्मचारी खोदाई के समय मौजूद रहेंगे। जिससे कि यदि कोई समस्या खोदाई में आए तो उसे 2-3 घंटे में ठीक करा लिया जाए। डेढ़ माह में यूटिलिटी डक्ट के लिए गढ्डे की खोदाई का कार्य पूरा करा लिया जाएगा ...मुनीश कुमार, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी खण्ड-4।
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