बरेली: अर्बन मोबिलिटी इंडिया से शहर की यातायात व्यवस्था में होगा बड़ा बदलाव
बरेली, अमृत विचार। स्मार्ट सिटी की सड़कों पर यातायात सुविधाओं को बढ़ाने के लिए नई कार्य योजना तैयार की गई है। शहर में यातायात को सुगम बनाने के लिए कम किराए पर लोगों को वाहन की सुविधा होगी। अर्बन मोबिलिटी इंडिया योजना के तहत बरेली चयनित हो चुका है। यहां पर इलेक्ट्रिक बसों के संचालन …
बरेली, अमृत विचार। स्मार्ट सिटी की सड़कों पर यातायात सुविधाओं को बढ़ाने के लिए नई कार्य योजना तैयार की गई है। शहर में यातायात को सुगम बनाने के लिए कम किराए पर लोगों को वाहन की सुविधा होगी। अर्बन मोबिलिटी इंडिया योजना के तहत बरेली चयनित हो चुका है। यहां पर इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की तैयारियां तेज कर दी गई है। केवल चार्जिंग सेंटर के तैयार होने का इंतजार है। स्मार्ट सिटी के कंट्रोल एंड कमांड सेंटर की स्थापना के बाद लोगों को जाम से भी काफी निजात मिल जाएगी।
इंटीग्रेटेड ट्रैफिक सर्विलांस सिस्टम (आईटीएमएस) में चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे और लाइट सिस्टम को मजबूत बनाया जाएगा। स्मार्ट सिटी में ट्रैफिक मैनेजमेंट प्लान के तहत शहर के प्रमुख मार्गों की निगरानी होगी। इसमें शहर में अयूब खां, चौकी चौराहे के अलावा बाकी चौराहे बिना ट्रैफिक पुलिस के संचालित हो रहे हैं। ऐसे में 10 से ज्यादा चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे और इंटीग्रेटिड लाइट लगाने की योजना है। इसमें ट्रैफिक लाइट सड़क पर वाहनों के दबाव के हिसाब से यातायात मैनेज करेगी। जबकि सीसीटीवी कैमरों की मदद से यातायात नियम तोड़ने वालों पर प्रभावी शिकंजा कसा जा सकेगा। इसके की निविदा प्रक्रिया पूरा करने के लिए नगर निगम के जिम्मेदार जुटे हुए हैं।
कंप्रेंस्हिब मोबिलिटी प्लान के फायदे
अर्बन मोबिलिटी इंडिया योजना शुरूआत से शहरों में ट्रांसपोर्ट की बेहतर सुविधा देने के लिए ‘कंप्रेंस्हिव मोबिलिटी प्लान’ तैयार कराने की योजना है। इस पर आने वाले कुल खर्च का 80 फीसदी केंद्र सरकार देगी और 20 फीसदी राज्य सरकार को देना है। इसके तहत बस रैपिड ट्रांजिड यानी बीआरटी के लिए बस कॉरिडोर बनाया जाना है। सार्वजनिक बाइक शेयरिंग, साइकिल चलाने के लिए साइकिल ट्रैक, पैदल चलने वालों के लिए पाथ-वे, सब-वे और अंडर पास बनाया जाएगा। परिवहन प्रणालियों के लिए वित्तपोषण की स्थापना, सार्वजनिक परिवहन के लिए हाइब्रिड, इलेक्ट्रिक और गैर-जीवाश्म ईंधन वाले वाहन चलाने की योजना है।
स्वाले नगर में चार्जिंग स्टेशन का इंतजार
शहर वालों का ईको-फ्रेंडली इलेक्ट्रिक बसों की सवारी का सपना अब बहुत जल्द पूरा होने चार्जिंग स्टेशन तैयार की कवायद शुरू कर दी गई है। मिनी बाइपास रोड पर स्वालेह नगर में पर 28 लाख रुपये की लागत से चार्जिंग स्टेशन तैयार करने का खाका तैयार कर लिया गया है। केन्द्र सरकार के ड्रीम प्रोजक्ट फास्टर एडॉप्शन एंड मैन्युफैक्चरिंग हाईब्रिड एंड इलेक्ट्रिकल व्हीकल्स योजना में बरेली भी शामिल है।
पहले चरण में विभिन्न सड़कों पर 32 सीटर वाली 50 बसों को चलाने का प्लान बनाया गया है। एक बार चार्ज होने के बाद 120 से 150 किलोमीटर तक दौड़ती हैं। इन बसों पर महज पांच सौ रुपये का खर्च आएगा। डीजल बसों को इतनी दूर चलाने के लिए 80 लीटर डीजल चाहिए। इस पर न्यूतम 5200 रुपये से अधिक का खर्च आएगा।
