Kanpur News : कैसे हो विकास, जब बजट ही खर्च नहीं कर पा रहे विभाग, DM की समीक्षा बैठक में हुआ खुलासा
कानपुर में जिलाधिकारी की समीक्षा बैठक में खुलासा हुआ।
कानपुर में जिलाधिकारी की समीक्षा बैठक में खुलासा हुआ। विभाग के अधिकारी बजट ही खर्च नहीं कर पा रहे। इससे विकास कैसे हो पाएगा। सिंचाई व अन्य विभागों की कार्रवाई धीमी मिली।
कानपुर, अमृत विचार। जिले में विकास कैसे हो, जब सरकार से मिलने वाला बजट खर्च करने में ही विभागीय अधिकारी फिसड्डी साबित हो रहे हों। शासन से सिंचाई सहित अन्य विभागों में दिए गए बजट को अधिकारी खर्च ही नहीं कर पा रहे हैं। इस वजह से सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतरने में विलंब हो रहा है और जो लाभ लोगों को मिलना चाहिए, वह समय पर नहीं मिल पा रहा है।
सोमवार को हुई समीक्षा बैठक में जब इस बात का खुलासा हुआ तो जिलाधिकारी विशाखजी अय्यर ने संबंधित विभागों के अधिकारियों पर नाराजगी जताई। साथ ही इस लापरवाही में सुधार करते हुए बजट खर्च को लेकर कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए।
डीएम विशाख जी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक हुई। इसमें विभिन्न विभागों को आवंटित बजट के सापेक्ष उपयोग की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई। बैठक में जिले के आहरण एवं वितरण अधिकारी पहुंचे थे। विभागों के अधिकारियों को जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि वित्तीय वर्ष 2022-23 का अंतिम माह मार्च है, लेकिन बावजूद इसके कई विभागों में बजट तक का उपयोग ठीक से नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि सभी आवंटित बजट के उपयोग हेतु वित्तीय नियमों का पालन करते हुए 25 मार्च तक सभी बिल कोषागार में प्रस्तुत कर दें।
यदि बजट पूर्व में उपलब्ध होते हुए भी उसके आहरण की कार्रवाई में अनावश्यक विलंब उत्पन्न पाया जाता है तो उन अधिकारियों से जवाब मांगा जाएगा। लापरवाही मिलने पर बड़ी कार्रवाई भी हो सकती है। समीक्षा में लघु सिंचाई विभाग की आवंटित बजट के सापेक्ष उपयोग की स्थिति अत्यंत खराब पाई गई। इस दौरान मौजूद अभियंता को निर्देशित किया कि बजट को शासनादेश एवं चयनित लाभार्थियों की सूची सीडीओ को उपलब्ध कराए, जिससे सत्यापन कराया जा सके
