Kanpur: सुसाइड नोट में सबसे माफी मांग कर डॉक्टर के कारोबारी भाई ने दी जान, पत्नी बेटियों के साथ गईं थी बेंगलुरु

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

कानपुर में डॉक्टर के कारोबारी भाई ने दी जान।

कानपुर में आर्थोपेडिक सर्जन के छोटे कारोबारी भाई ने फांसी लगाकर जान दे दी। सुसाइड नोट में उन्होंने सबसे माफी मांगी। वहीं, पत्नी और बेटियां बीस दिन पहले बेंगलुरु गई थी।

कानपुर, अमृत विचार। ग्वालटोली थानाक्षेत्र अंतर्गत कर्जे से ऊबकर कानपुर के मशहूर आर्थोपेडिक सर्जन के छोटे भाई ने फांसी लगाकर जान दे दी। इस दौरान काम से गए सर्जन के ड्राइवर के पहुंचने पर दरवाजा नहीं खुला तो उन्हें अनहोनी की आशंका हुई। जिस पर उन्होंने इस बात की जानकारी डॉक्टर और पड़ोसियों को दी। मौके पर पहुंचे बड़े भाई सर्जन ने थाना पुलिस को सूचना दी। काफी देर तक आवाज देने पर कोई हरकत नहीं हुई तो पुलिस ने लोगों की मदद से दरवाजा तोड़ दिया। तभी वहां का नजारा देख परिजनों के होश उड़ गए। पुलिस ने जांच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। 

परमट पेट्रोल टंकी के सामने स्थित योग टॉवर की सातवीं मंजिल के फ्लैट नंबर 704 में रहने वाले 52 वर्षीय प्रशांत डालमिया का जनरलगंज में भवानी गिरधर फर्म के नाम से कपड़े के कारोबार है। उनके बड़े भाई डॉ दीपक डालमिया शहर के जाने माने आर्थोपेडिक सर्जन हैं। जिनका 80 फीट रोड में क्लीनिक है। परिजनों के अनुसार मंगलवार सुबह 11 बजे के करीब डॉ दीपक के ड्राइवर अश्विनी फ्लैट में प्रशांत डालमिया से मिलने गए थे।

यहां पहुंचकर वह काफी देर तक बेल और दरवाजा खटखटाते रहे। लेकिन अंदर से कोई भी प्रतिक्रिया न आने पर उन्हें अनहोनी की आशंका जाहिर की। इसके बाद उन्होंने सीधे इस बात की जानकारी डॉक्टर दीपक को दे दी। कुछ ही देर में एल्डिको से वह वहां पहुंच गए। काफी देर तक उन्होंने भी दरवाजे से छोटे भाई प्रशांत को आवाज देकर बुलाया लेकिन कोई हरकत नहीं हुई। इसके बाद ग्वालटोली पुलिस को सूचना दी गई।

सूचना पर पहुंची पुलिस ने आसपास फ्लैट में रहने वाले लोगों की मदद से दरवाजा तोड़ा। जहां का नजारा देखकर वह लोग दंग रह गए। प्रशांत डालमिया बालकनी में दरवाजे के पास फांसी लगाकर जान दे चुके थे। पुलिस और फोरेंसिक टीम ने घटना के साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने अगल-बगल के फ्लैटों में रहने वालों से जानकारियां हासिल की।

इस संबंध में एसीपी कर्नलगंज अकमल खां ने बताया कि कारोबारी के आत्महत्या की सूचना पर पुलिस पहुंची थी। जांच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मौके से सुसाइड नोट मिला है, जांच की जा रही है। कर्जे से डिप्रेशन में होने की बात सामने आई है। परिजनों की ओर से तहरीर के आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी। 

कर्जे से थे काफी परेशान 

ग्वालटोली पुलिस के अनुसार कारोबारी का जनरलगंज में कपड़ा का कारोबार था। लेकिन कोरोना काल से उन पर काफी कर्जा हो गया था। जिसके बाद वह लगातार डिप्रेशन में चले गए। पुलिस सूत्रों के अनुसार कमोडिटी में भी उनका काफी नुकसान हुआ था। दोहरी मार के कारण वह कर्जे में दबते चले गए। पुलिस के अनुसार वह यहां पर करीब 15 -16 वर्ष से रह रहे थे। अन्य फ्लैट में रहने वाले लोगों ने प्रशांत डालमिया को व्यवहार कुशल व्यक्ति बताया। 

पत्नी बेटियों के साथ गईं हुईं थी बेंगलुरु

परिजनों के अनुसार पिछले 20 दिनों से प्रशांत डालमिया की पत्नी दिव्या डालमिया व बेटी मल्लिका और  वेदिका बेंगलुरु में अपने बीमार ससुर को देखने गईं हुईं थी। कुछ परिजनों ने बताया कि एक बेटी बेंगलुरु तो एक बेटी पुणे में पढ़ाई कर रही है। घटना की जानकारी जैसे ही मां व दोनों बेटियों को मिली तो चीख पुकार मच गई। वह लोग शहर पहुंचने के लिए बेंगलुरु से निकल पड़ी हैं। 

सुसाइड नोट में एक एक से मांगी माफी 

सूचना पर मौके पर पहुंचे ग्वालटोली कार्यवाहक थाना प्रभारी छत्रपाल ने बताया कि घटना सोमवार देर रात की लग रही है। घर पर कोई नहीं था। शव पूरा नीला पड़ चुका है। पोस्टमार्टम के बाद स्थिति साफ हो सकेगी। वहीं घटनास्थल पर कपड़ा कारोबारी प्रशांत डालमिया का सुसाइड नोट बरामद हुआ है। जिस पर साफ अंकित है, कि पत्नी, बेटी, भाई व एक-एक परिजन से माफी मांगी गई है।   

लाखों के लेनदेन का भी जिक्र

घटना के बाद मौके पर मिले सुसाइड नोट में लेनदेन का भी जिक्र किया गया है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि उसमें लिखा है कि 23 लाख रुपये जल्दी आ जाएंगे। इसके बाद आगे भी लाखों रुपये आ जाएगा। इस मामले में इस बात की जानकारी पुलिस खंगाल रही है। पुलिस उनके परिजनों के आने का इंतजार कर रही है।

संबंधित समाचार