कानपुर न्यूज: परीक्षा में कम अंक पाने पर छात्रा ने फांसी लगाकर की आत्महत्या

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Edited By Amrit Vichar
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कानपुर/अमृत विचार। शुक्रवार को सीबीएसई बोर्ड का हाईस्कूल व इंटर का परिणाम घोषित हुआ था। परीक्षा में कम अंक आने से इंटर की छात्रा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। छोटी बहन ने छात्रा को फंदे पर लटकता देख परिजनों को घटना की जानकारी दी। घटना से घर में कोहराम मच गया। परिजनों ने छात्रा का पोस्टमार्टम कराने से इंकार किया।

बर्रा दो निवासी नीरज दीक्षित केडीए में लिपिक के पद पर कार्यरत हैं। उनकी बेटी माही दीक्षित मदर टेरेसा स्कूल में 12वीं की छात्रा थी। शुक्रवार को सीबीएसई बोर्ड परीक्षा का हाईस्कूल व इंटर का परिणाम आने पर माही के परीक्षा में कम अंक आए, जिस पर छात्रा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पिता नीरज ने बताया कि माही पिछले दो वर्षों से आईआईटी की तैयारी कर रही थी। शुक्रवार को परिणाम आने पर उसके इंटरमीडिएट में 73 प्रतिशत नंबर आए, जिससे वह निराश थी।

माही की मां शिवानी दीक्षित ने बिलखते हुए बताया कि परिणाम आने के बाद उसने उदास मन से बताया था कि आईआईटी में प्रवेश के लिए 75 प्रतिशत अंकों की आवश्यकता होती है। मां के काफी देर तक समझाने के बाद वह उदास बैठी रही। इसके बाद कुछ देर अकेले में रहने की बात कहकर ऊपर कमरे में चली गई।

काफी देर तक बाहर न आने पर छोटी बहन नीति ने जाकर देखा तो माही का शव फंदे से लटक रहा था। नीति ने परिजनों को घटना की जानकारी दी, जिस पर घर में कोहराम मच गया। परिजन छात्रा को अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर बर्रा थाने का फोर्स मौके पर पहुंच गया। छात्रा के पिता ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इंकार किया। 
 
सौहार्दपूर्ण रखे पारिवारिक माहौल, आगे के लिए करें प्रेरित
बच्चों के कम अंक आने पर सुरक्षा के भाव से ऐसी परिस्थितियों में उनको अकेला नही छोड़ना चाहिए। कुछ बच्चे भविष्य की चिंता को लेकर ज्यादा आत्ममंथन कर लेते है, जिस कारण वो गलत कदम उठा लेते है। बच्चों में सहनशीलता की कमी होती जा रही है। जरा सी नाकामी में निराश हो जाते है। ऐसी घटना सुनकर हतप्रभ हूं। बच्ची चाहती तो दोबारा तैयारी कर ज्यादा अंक प्राप्त कर सकती थी। परीक्षा में कम अंक आने पर पारिवारिक माहौल सौहार्दपूर्ण रखें। बच्चों के साथ टोका टाकी न करके उनकों आगे की तैयारी के लिए प्रेरित करना चाहिए.... संध्या शुक्ला, मनोवैज्ञानिक।

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