पीलीभीत: आईजी से बोला पीड़ित- गजरौला पुलिस से नहीं न्याय की उम्मीद, जानिए क्या है मामला 

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Edited By Amrit Vichar
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पीलीभीत, अमृत विचार। चोरी की घटनाओं के खुलासे में पुलिस का रिपोर्ट कार्ड वैसे ही बदतर है। अब घटनाओं को रोकने और खुलासे में साबित हो रहे फेलियर को छिपाने के लिए नया तरीका तलाश लिया है। पहले संदिग्धता जताकर मामले को टाल दिया गया और अब छह दिन बीतने के बाद भी एफआईआर दर्ज नहीं की गई है। पीड़ित ने आईजी दरबार में पेश होकर दुखड़ा सुनाते हुए न्याय की गुहार लगाई है।

गजरौला थाना क्षेत्र  के ग्राम हटुआ बिजलई गांव के निवासी करन कुमार शर्मा ने आईजी कार्यालय में पेश होकर शिकायती पत्र दिया। जिसमें बताया कि उसकी फर्नीचर की दुकान बिठौरा कलां गांव में जमुनिया मोड़ पर है। चार जून की रात आठ बजे वह दुकान बंद करके घर आ गए थे। उसके बाद रात को चोरों ने दुकान को निशाने पर ले लिया। करीब साढ़े  तीन लाख का सामान चोर समेट ले गए।

घटना की तहरीर पुलिस को दी जा चुकी है, लेकिन पुलिस न तो किसी तरह से पड़ताल कर रही है। न ही अभी तक एफआईआर दर्ज की गई है। उसने साफ कहा कि गजरौला पुलिस से उसे न्याय की उम्मीद ही नहीं है। ऐसे में रिपोर्ट दर्ज कराकर खुलासे की मांग की गई। आईजी कार्यालय से उसे कार्रवाई आश्वासन तो मिला है, लेकिन दो दिन बाद भी सुनवाई नहीं हो सकी है।  

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