हरदोई: दहेज की बलि चढ़ी एक और बेटी, पिता का आरोप- बाइक और चेन न देने पर बेटी को उतारा मौत के घाट

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Edited By Amrit Vichar
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हरदोई। दहेज में बाइक और सोने की चेन न देने पर एक और बेटी को मौत के घाट उतार दिया गया। आरोप है कि पति ने अपने मां-बाप और भाइयों के साथ मिल कर वारदात को अंजाम दिया। इसी मामले में सोमवार की सुबह डीएम की ड्योढ़ी पर इंसाफ के लिए दस्तक दी गई। पुलिस का कहना है कि सारे मामले की गहराई से छानबीन की जा रही है। शव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

बताया गया है कि बिलग्राम कोतवाली के डाभा गांव निवासी दाताराम की पुत्री अंजलि की शादी साल 2021 में 25 मई को हरपालपुर थाने के नगला भूपतिपुर निवासी सुरेश के पुत्र हीरा सागर के साथ हुई थी। रविवार की देर रात अंजलि की सास रन्ना ने दाताराम को उसकी पुत्री की तबियत खराब होने का फोन किया। जब दाताराम वहां पहुंचा तो पता चला कि अंजलि की मौत हो चुकी है। 

दाताराम का कहना है कि दहेज़ में बाइक और सोने की जंज़ीर की मांग के चलते उसकी पुत्री की हत्या की गई। इस पर उसने पुलिस को जो तहरीर दी है, उसमें पति हीरा सागर के अलावा ससुर सुरेश,सास रन्ना और हीरा सागर के भाइयों पारस, शीतल, जमुना सागर, धनीराम व अवधेश के ऊपर आरोप लगाया है। 

दाताराम के साथ अंजलि के तमाम मायके वालों ने सोमवार की सुबह उसे इंसाफ दिलाने के लिए डीएम की ड्योढ़ी पर दस्तक दी। इसका पता होते ही वहां पहुंची पुलिस ने दाताराम को पूरा भरोसा दिलाया कि शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।उसकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

महिला थाने से हुई थी विदाई 
अंजलि के पिता दाताराम का कहना है कि शादी के बाद से ही अंजलि को उसके ससुराल वाले दहेज़ के लिए लगातार प्रताड़ित किया करते थे। इस पर जब शिकायत की गई तो मामला महिला थाने पहुंचा। वहां पर हीरा सागर और उसके घर वालों को अब दोबारा ऐसी गलती न करने की नसीहत दी गई और सुलह-समझौता कर अंजलि को ससुराल विदा किया गया था। कुछ दिनों तक सब ठीक रहा,  फिर उसके बाद ससुराल वाले अपनी हरकतों से बाज़ नहीं आए और इस तरह का कांड कर बैठे।

खुफिया टीम भी हुई अलर्ट
डीएम आवास पर भीड़ के इकट्ठा होने की खबर सुनते ही पुलिस की खुफिया टीम भी अलर्ट हो गई। पुलिस के पहुंचते ही वहां एलआईयू की टीम भी पहुंच गई। काफी देर तक एसएचओ कोतवाली शहर संजय पाण्डेय अंजलि के पिता और उसके मायके वालों को समझाते रहे।एलआईयू की टीम वहां पल-पल का अपडेट लेती हुई नज़र आई। किसी तरह का कोई बवाल आगे न बढ़े, इसके लिए एलआईयू इंस्पेक्टर श्रीश शर्मा के अलावा पुलिस के जवान वहां काफी देर तक डटे रहे।

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