लखनऊ : शराब छोड़ना चाहते हैं तो एसजीपीजीआई के डॉक्टर करेंगे मदद, हेल्पलाइन नंबर किया जारी
लखनऊ, अमृत विचार। एसजीपीजीआई स्थित हेपेटोलॉजी विभाग ने शराब सेवन विकार से पीड़ित और शराब छोड़ने की इच्छा रखने वाले लोगों की मदद करने का फैसला लिया है। इसी के चलते शराब छोड़ने की इच्छा रखने वाले लोगों के लिए एए सुविधा शुरू की। एए की बैठक प्रत्येक शनिवार को सुबह 11 बजे से दोपहर 12 बजे तक हेपेटोलॉजी ओपीडी में आयोजित की जाएगी।
हेपेटोलॉजी विभाग ने एल्कोहल के कारण लिवर की बीमारी वाले लोगों को एकीकृत देखभाल (iCARE) प्रदान करने की अपनी पहल के एक हिस्से के रूप में AA शुरू किया है। एकीकृत सुविधा विशिष्ट हेपेटोलॉजी देखभाल, अल्कोहल यूज़ डिसऑर्डर क्लिनिक (एयूडीसी) में मनोरोग सहायता और 'अल्कोहल एनोनिमस मीटिंग्स' के रूप में नशा मुक्ति के लिए स्वयं सहायता समूह के समर्थन को एकीकृत करके ट्रिपल आर्म दृष्टिकोण अपनाती है। यह प्रदेश में इस तरह की पहली सुविधा है। इस तरह की देखभाल का प्राथमिक उद्देश्य रोगियों को शराब से सफल मुक्ति और पुनर्वास में मदद करना है। इस सुविधा का उपयोग करने के लिए हेल्पलाइन नंबर 9555022785 है।
क्या है एए
जो लोग शराब का सेवन करते हैं, उन्हें नशा मुक्ति के लिए मदद की जरूरत होती है। अल्कोहलिक्स एनोनिमस (एए), जिसे आमतौर पर एए या स्वयं सहायता समूह के रूप में जाना जाता है, एक अंतरराष्ट्रीय संगठन है जो लोगों को नशा मुक्ति दिलाने में मदद करता है। यह संगठन उन लोगों द्वारा चलाया जाता है जो किसी समय शराब का सेवन किया करते थे, लेकिन अब सफलतापूर्वक शराब पीना छोड़ चुके हैं। एए (AA) पूरी तरह से आत्मनिर्भर संगठन है और मदद मांगने वाले लोगों से कोई दान या शुल्क नहीं लेता है। एए कार्यक्रम अपने आध्यात्मिक झुकाव वाले बारह-चरणीय कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को शराब से छुटकारा पाने में मदद करता है। एए गैर-पेशेवर, गैर-सांप्रदायिक, गैर-राजनीतिक और असंबद्ध संगठन है। AA की शुरुआत संयुक्त राज्य अमेरिका में हुई थी, लेकिन अब यह 185 से अधिक देशों में फैल गया है और इसमें 2 मिलियन से अधिक सदस्य शामिल हैं। भारत में ही इसके 40,000 से अधिक सदस्य हैं और यह लखनऊ में कुछ केंद्र चला रहा है।
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