बरेली: 24 घंटे में मिले मलेरिया के 119 मामले, प्रदेश में फिर जिला नंबर वन
प्रदेश में अब तक सामने आए मलेरिया के 2200 मामले, सबसे अधिक 1015 बरेली में
बरेली, अमृत विचार। स्वास्थ्य विभाग के मलेरिया की रोकथाम के लिए चलाए गए तमाम अभियानों की हकीकत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जिला एक बार भी मलेरिया के मरीज मिलने के मामले में प्रदेश में शीर्ष पर पहुंच गया है। हालात ये हैं कि पिछले 15 दिन से रोजाना 40 से ज्यादा मरीजों में मलेरिया की पुष्टि हो रही है। बीते 24 घंटों में ही जिले में मलेरिया के 119 केस मिले हैं।
मच्छरजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए हर साल स्वास्थ्य विभाग दवा का छिड़काव कराने के साथ जागरूकता अभियान चलाता है, मगर जिले में बढ़ती मलेरिया के मरीजों की तादाद स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की बचाव कार्य योजनाओं पर सवालिया निशान लगा रही है।
विभागीय आंकड़ों के मुताबिक पिछले बृहस्पतिवार तक प्रदेश में मलेरिया के कुल 2200 मरीज सामने आएं थे, इनमें बरेली में सबसे अधिक 1015 मरीजों में मलेरिया की पुष्टि हुई थी। वहीं 357 मरीजों में मलेरिया की पुष्टि होने पर मंडल का बदायूं जिला प्रदेश में दूसरा स्थान पर है।
शेरगढ़ और मीरगंज ब्लॉक अतिसंवेदनशील
जिला मलेरिया अधिकारी देशराज सिंह ने बताया कि शुक्रवार को भी जिले में 59 मरीजों में मलेरिया की पुष्टि हुई है। मलेरिया को लेकर शेरगढ़ और मीरगंज ब्लॉक अतिसंवेदनशील घोषित किए गए हैं। जिले में सबसे अधिक मलेरिया के मामले इन्हीं दो ब्लॉकों में मिले हैं। हालांकि देहात की तुलना में शहर में मरीजों का आंकड़ा काफी कम है।
2018 में भी पहले नंबर पर था जिला
वर्ष 2018 में भी बरेली मलेरिया के मामलों में प्रदेश में पहले स्थान पर था। 2019 में कोविड को कारण बताकर जिले में संचारी रोग नियंत्रण अभियान ही नहीं चलाया गया। इस दौरान मलेरिया के मरीजों की संख्या भी रिकॉर्ड में काफी कम दर्ज हुई। अब 2023 में एक बार फिर प्रदेश में मलेरिया के मामलों में बरेली पहले स्थान पर पहुंचा है।
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