Kanpur Death News : तीन दिन में पुलिस नहीं जांच पाई 30 मिनट के CCTV फुटेज, मामले को दबाने में जुटी खाकी
कानपुर में तीन दिन में पुलिस नहीं जांच पाई 30 मिनट के फुटेज।
कानपुर के हनुमंत विहार में थाने में मौत के मामले को दबाने में पुलिस जुटी। तीन दिन में पुलिस 30 मिनट के फुटेज नहीं जांच पाई।
कानपुर, अमृत विचार। हनुमंत विहार थाने में किसान की मारपीट के बाद मौत के मामले में खाकी को एक बार फिर से दागदार कर दिया है। पुलिस ने परिजनों के दबाव में चौकी प्रभारी समेत आठ पर मुकदमा दर्ज कर तीन आरोपियों को जेल भेजने के बाद मामले से इतिश्री कर ली है। कमिश्नरेट पुलिस के अधिकारी भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति न हो इस पर काम करने की बजाए दाग छिपाने में लगे हैं।
घटना के बाद ही संयुक्त पुलिस आयुक्त ने सीसीटीवी थाने में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच के आदेश दिए थे। मामले की जांच एसीपी बाबूपुरवा को सौंपी गई थी, लेकिन तीन दिन बीतने के बाद अब तक वह 30 मिनट के फुटेज की जांच नहीं कर पाए।
मूलरूप से सचेंडी निवासी किसान दिनेश सिंह भदौरिया के पिता लाखन सिंह भदौरिया ने कब्जे के विवाद पर चौकी प्रभारी गल्लामंडी अशोक कुमार सिंह पर दूसरे पक्ष के साथ मिल कर मारपीट करने का आरोप लगाया था, जिससे तबियत बिगड़ने पर दिनेश की मौत हो गई थी। परिजनों ने हंगामा कर करीब नौ घंटे तक हनुमंत विहार थाने में हंगामा किया था, तब जाकर लाखन सिंह की तहरीर पर चौकी प्रभारी समेत आठ के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था।
लाखन सिंह ने आरोप लगाया था कि जब वह थाने पहुंचे तो आरोपी महिला प्रीति वर्मा चौकी इंचार्ज की कुर्सी पर बैठी थी। पुलिस के सामने उसने साथियों संग मिलकर दिनेश की पिटाई की थी। वहीं चौकी प्रभारी ने दिनेश को कमरे में बंद कर धमकाया था, जिसके बाद उनकी हालत बिगड़ गई। परिजन दिनेश को कार्डियोलॉजी लेकर पहुंचे, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया था।
उच्चाधिकारियों ने सीसीटीवी कैमरे चेक करने के बाद चौकी प्रभारी को जेल भेजने की बात कही थी। मामले की जांच एसीपी बाबूपुरवा संतोष सिंह को सौंपी गई थी, घटना के तीन दिन बीतने के बाद भी एसीपी बाबूपुरवा 30 मिनट के घटनाक्रम के सीसीटीवी फुटेजों की जांच नहीं कर पाए। एसीपी बाबूपुरवा ने बताया कि जांच के आदेश शुक्रवार को ही उनको मिले है। डीसीपी साउथ रविंद्र कुमार ने बताया कि पुलिस कर्मियों की व्यस्तता के कारण सीसीटीवी फुटेज की जांच नहीं हो पाई है।
