अयोध्या: कचहरी के लॉकअप में भिड़े बंदी, फिर पेशी पर जाने से इंकार कर की नारेबाजी
तीन घंटे बाद दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई के आश्वासन पर माने कैदी
अयोध्या, अमृत विचार। सोमवार को अदालत तारीख पेशी पर आये बंदियों के बीच लॉकअप में ही विवाद और मारपीट हो गई। इसके बाद सुरक्षा में तैनात पुलिस ने कुछ बंदियों की पिटाई कर दी तो बंदियों ने हंगामा खड़ा कर पेशी पर जाने से इंकार कर दिया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। काफी मान-मनौव्वल पर तीन घंटे बाद सीओ सिटी की ओर से दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ और पुलिस ने पेशी कराई। बंदियों ने लिखित तहरीर दी है।
बताया गया कि मंडल कारागार से अदालत पेशी पर आये बंदी पूर्वान्ह लगभग 1:00 बजे लॉकअप में साथी मंदबुद्धि बंदी को चिकोटी काटकर परेशान कर रहे थे, जिसको लेकर मन्दबुद्धि बंदी ने दो बंदियों की पिटाई कर दी तो बंदी दो गुटों में बंट आपस में भिड़ गए और मारपीट होने लगे। इसके बाद सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों ने कुछ बंदियों को लॉकअप के बाहर निकाल उनकी पिटाई कर दी। फिर क्या था, सभी बंदी एकजुट हो गए और कैदियों ने हंगामा शुरू कर दिया।
पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करने लगे और अदालत पेशी पर जाने से इंकार कर दिया। मौके की नजाकत देख मामले की जानकारी अधिकारियों को दी गई तो भारी पुलिस फ़ोर्स के साथ सीओ सिटी मौके पर पहुंचे और समझाने-बुझाने की कवायद शुरू की। लगभग तीन घंटे चली मशक्क्त के बाद बंदी तहरीर के आधार पर दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवा कार्रवाई के आश्वासन पर शांत हुए और पौने चार बजे से पुलिस ने बंदियों को अदालत पेशी पर भेजना शुरू किया और पेशी कराने के बाद मंडल कारागार रवाना कराया।
सीओ सिटी शैलेन्द्र सिंह का कहना है कि समझा-बुझा और कार्रवाई का आश्वासन देकर मामला शांत कराया गया है। तहरीर की जाँच कराई जा रही है। उनका कहना है की हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति के दौरे के बाद बाहरी आपत्तिजनक सामान लॉकअप में ले जाने पर रोक लगा दी गई है। खाने-पीने का सामान लेने और इस्तेमाल करने की छूट है लेकिन इसके लिए पारदर्शी व्यवस्था तय की गई है।
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