हरियाणा: पानीपत में यमुना नदी में डूबे छह लोग, तीन शव निकाले
पानीपत। हरियाणा में पानीपत के गांव जलमाना के घाट पर मंगलवार सुबह यमुना नदी में नहाने के लिए उतरी पहले एक युवती और दो बच्चे डूब गए फिर उन्हें बचाने के प्रयास में बच्चों की मां और दो युवक भी डूब गए। फिलहाल तीन शव निकाले जा चुके हैं। मिली जानकारी के अनुसार आज सुबह …
पानीपत। हरियाणा में पानीपत के गांव जलमाना के घाट पर मंगलवार सुबह यमुना नदी में नहाने के लिए उतरी पहले एक युवती और दो बच्चे डूब गए फिर उन्हें बचाने के प्रयास में बच्चों की मां और दो युवक भी डूब गए। फिलहाल तीन शव निकाले जा चुके हैं।
मिली जानकारी के अनुसार आज सुबह सरिता अपने बेटे 15 वर्षीय सागर और 13 वर्षीय बेटी पायल के साथ नहर के पास सैर करने आई थी। उनके साथ 20 वर्षीय सोनिया भी थी। यमुना के घाट पर पहुंचकर सोनिया पानी कम कम कहने की बात कहकर नहर में नहाने के लिये उतरी। उसके पीछे बेटा सागर और बेटी पायल भी नहाने के लिये नहर में उतर गये।
पानी ज्यादा होने से तीनों डूबने लगे। उन्हें बचाने के लिए सोनिया ने भी पानी में छलांग लगा दी। उसके बाद वह भी पानी में डूबने लगी। चारों को डूबते देख पास ही सैर कर रहे दो युवकों ने भी पानी में छलांग लगा दी। मगर पानी की गहराई अधिक होने के कारण वह भी कुछ नहीं कर पाए। चीख-पुकार की आवाज सुनकर आसपास खेतों में काम कर रहे लोग उन्हें बचाने के लिए दौड़े मगर पानी की गहराई अधिक होने के कारण कोई उन्हें बचा नहीं पाया।
सूचना मिलने के बाद भारी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए और शासन को इसके बारे में सूचित कर दिया बाद में गोताखोर भी मौके पर पहुंच गए गोताखोरों को तलाशी के बाद तीन शव मिल गए बाकी की तलाश जारी।
बताया जाता है कि चंदौली का बादल और करहंस का गौरव अपनी रिश्तेदारी में आए हुए थे और आज सुबह वह भी यमुना किनारे शहर कर रहे थे। दो महिलाओं और दो बच्चों को डूबता देख उन्हें बचाने के लिए वे भी यमुना में कूद गए, बाद में वे भी तो डूब गए। गोताखोरों की मदद से सरिता सोनिया और बादल के शव निकाले जा चुके हैं। पायल, सागर और गौरव का अभी तक पता नहीं चला है। गोताखोर तलाश में जुटे हुए हैं।
