UP: लुटेरी दुल्हन के फर्जी इनकम टैक्स इंस्पेक्टर बनने का मामला, तलाक के मिले दस्तावेज, झांसी से शहर लौटी टीम
कानपुर में लुटेरी दुल्हन का फर्जी इनकम टैक्स इंस्पेक्टर बनने का मामला।
कानपुर में लुटेरी दुल्हन का फर्जी इनकम टैक्स इंस्पेक्टर बनने का मामला। लुटेरी दुल्हन के पास से तलाक के दस्तावेज मिले। टीम झांसी से शहर लौट आई।
कानपुर, अमृत विचार। नजीराबाद पुलिस द्वारा पकड़ी गई लुटेरी दुल्हन के मामले में गुरुवार को मऊरानीपुर झांसी गई विवेचक और उनकी टीम लौट आई। पुलिस को वहां से कोर्ट में दाखिल तलाक के दस्तावेजों की प्रमाणित कॉपी मिल गई है। पुलिस के अनुसार कोर्ट में भी खुद को फर्जी इनकम टैक्स इंस्पेक्टर बताने वाली शिवांगी उर्फ सविता ने गलत सूचना देकर कोर्ट में केस दाखिल किया था। इस मामले में पुलिस के सामने योगेन्द्र मिश्रा और मुदित का नाम सामने आया है।
गुरुवार को पुलिस को उस सड़क हादसे के जानकारी मिली जिसमें शिवांगी उर्फ सविता और योगेन्द्र मिश्रा शामिल थे। 19 जुलाई 2023 को गांव पंडवाहा मऊरानीपुर में स्कॉर्पियो गाड़ी ने सामने से आ रही मोपेड सवार दो लोगों को टक्कर मार दी थी। यह गाड़ी योगेन्द्र मिश्रा के नाम पर थी। गाड़ी में आगे इनकम टैक्स अधिकारी की प्लेट लगी थी। गाड़ी योगेन्द्र मिश्रा ही चला रहा था। लिहाजा उसके खिलाफ थाने में एफआईआर भी दर्ज की गई।
वहीं पुलिस को यह भी पता चला कि उस वक्त गाड़ी में एक पुरुष और एक महिला और मौजूद थे। मगर उनके नाम रिपोर्ट में नहीं आए। पुलिस ने थोड़ा और तहकीकात की तो पता चला कि योगेन्द्र मिश्रा ही आरोपी महिला को गाड़ी में जगह जगह लाने ले जाने का काम करता था। इस सबंध में इंस्पेक्टर नजीराबाद कौशलेन्द्र सिंह के अनुसार योगेन्द्र की तलाश की जा रही है। उसके जरिए महिला की मॉर्डस ऑपरेंडी और उसने किन किन लोगों से ठगी की है इसका पता चल सकता है।
2015 में हुई थी हुई शादी यह कोर्ट में बताया
शिवांगी के पहले पति बृजेन्द्र से जो तलाक का मुकदमा दाखिल किया गया उसमें भी आरोपी महिला ने गलत सूचना दी। एसओ नजीराबाद ने बताया कि दोनों की शादी आठ फरवरी 2007 को हो चुकी थी। जबकि कोर्ट में 8 फरवरी 2015 में शादी की बात लिखी गई। ऐसा इसलिए किया गया ताकी बच्चों की कस्टडी खुद ही मां को मिल जाए। इस केस में महिला कभी हाजिर नहीं हुई।
