बरेली: नोडल अधिकारी ने पकड़ा सड़क निर्माण में घपला, जांच के आदेश
बरेली, अमृत विचार। सड़कों के निर्माण में किस तरह से लाखों का खेल किया जा रहा है यह शनिवार शाम को नोडल अधिकारी नवनीत सहगल के सामने पकड़ में आ गया। डोहरा की ठीक ठाक हॉटमिक्स रोड को दोबारा डाल दिया गया। सड़क डालने के नाम पर एक करोड़ रुपये का गोलमाल कर दिया गया। …
बरेली, अमृत विचार। सड़कों के निर्माण में किस तरह से लाखों का खेल किया जा रहा है यह शनिवार शाम को नोडल अधिकारी नवनीत सहगल के सामने पकड़ में आ गया। डोहरा की ठीक ठाक हॉटमिक्स रोड को दोबारा डाल दिया गया।
सड़क डालने के नाम पर एक करोड़ रुपये का गोलमाल कर दिया गया। नोडल अधिकारी ने जब पूछा की सड़क ठीक थी तो दोबारा क्यों डाली गई। इसका जवाब लोकनिर्माण विभाग के अधिकारी नहीं दे सकी।
इसको लेकर अधिकारियों की जमकर फटकार लगाई। इस सड़क को लेकर रविवार को लखनऊ तक हलचल रही। नोडल अधिकारी ने इस मामले में जांच बैठा दी है।
डोहरा रोड की 4.5 किलोमीटर लंबी सड़क के नवनीकरण के नाम पर एक करोड़ रुपये के घपले की शिकायत शासन से की गई थी। रविवार को जब अपर मुख्य सचिव व जिले के नोडल अधिकारी नवनीत सहगल ने पीडब्ल्यूडी के इंजीनियर को तलब कर इस सड़क के बारे में पूछा तो वह जवाब नहीं दे सके।
नोडल अफसर ने पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों से पूछा कि हर पांच साल पर सड़क का नवीनीकरण किया जाता है। इससे पहले सड़क क्यों डाली गई। उन्होंने सड़क के बारे में जानकारी ली तो पता चला कि 2015 में नवीनीकरण हुआ था।
इसके बाद सड़क ठीक होने के बाद 2020 में फिर से सड़क को एक करोड़ से फिर क्यों बनाया गया। इसके बाद भी सड़क टूटने लगी।
सड़क में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप भी लगा। शिकायत में कहा गया कि इससे अच्छी सड़क तो पहले थी। नोडल अधिकारी ने इसकी शिकायत पीडब्ल्यूडी के प्रमुख सचिव से की। इसके बाद शासन ने जांच का आदेश दिया।
सड़क की जांच टीएसी से कराए जाने की बात कही जा रही है। इस मामले में बरेली- शाहजहांपुर के अधीक्षण अभियंता देवेश तिवारी अपनी जांच रिपोर्ट शासन को भेजेंगे।
