संत कबीर नगर: हिट एंड रन के नए कानून के विरोध में दूसरे दिन भी जाम रहे वाहनों के पहिए

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

संत कबीर नगर। भारत सरकार द्वारा हिट एंड रन मामले को लेकर बनाए गए नए कानून के विरोध में लगातार दूसरे दिन भी वाहनों के पहिए जाम रहे। बसों, ट्रकों के साथ ही सभी प्रकार के परिवहन वाहन सड़कों से लापता रहे। यहां तक कि ई-रिक्शा तक ढूंढने से नहीं मिले। राहगीरों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में भारी मुसीबतों का सामना करना पड़ा।

रोडवेज की बसों के न चलने के कारण रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की भारी भीड़ दिखी। दूर दराज से घर लौट रहे लोगों को अपने घर पहुंचने में भारी मुसीबतों का सामना करना पड़ा। सर्वाधिक परेशानी महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गो को झेलनी पड़ी। पेट्रोल के टैंकर न पहुंचने के चलते एकाएक अफवाह उड़ी कि पेट्रोल पंपों पर डीजल पेट्रोल समाप्त होने वाले हैं। जिसके चलते पेट्रोल पंपों पर वाहनों की भारी भीड़ जमा हो गए। देखते-ही-देखते पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल भी समाप्त हो गए।

0001

मेंहदावल बाईपास पर वाहन चालकों ने किया प्रदर्शन

हिट एंड रन के नए कानून के विरोध में वाहन चालकों ने मंगलवार को खलीलाबाद के मेंहदावल बाईपास पर जबरदस्त प्रदर्शन किया। वाहन चालक जगदीश, सूर्यभान, नरेंद्र, भागीरथी, इमरान, जमशेद, विक्की सिंह आदि का कहना था कि वाहन चालक दूसरे के यहां मामूली वेतन पर नौकरी करते हैं। सड़क पर वाहन चलते हैं तो दुर्घटनाओं की सम्भावनाएं हमेशा बनी रहती हैं।

0001

दुर्घटना के दौरान किसी की मौत हो जाती है तो वाहन चालकों को 10 साल की कैद और सात लाख रुपए जुर्माना देना होगा। ग़रीबी वाहन चालक मामूली वेतन से जैसे तैसे अपने परिवार का भरण पोषण करता है। वह सात लाख रुपए का जुर्माना कहां से जमा करेगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को यह काला कानून वापस लेना होगा अन्यथा वाहन चालकों द्वारा जरूरी सेवाओं को भी बाधित करा दिया जाएगा।

फलों और सब्जियों के दामों में दिखने लगी तेजी

वाहन चालकों की हड़ताल के दूसरे ही दिन बाजार में फलों और सब्जियों के दामों में तेजी से उछाल दिखने लगा है। कल तक जो हरी मटर 30 रुपए प्रति किलो बिकती थी वह मंगलवार को 60 रुपए किलो बिकी, आलू 22, प्याज 35, फूल गोभी 40, लौकी 50, करेला 60 रुपए तो वहीं सेब 80 रुपए से बढ़कर 150 रुपए तक पहुंच गया है। 

वाहन चालकों ने तोड़ दिए कई वाहनों के शीशे

हड़ताल के दूसरे दिन वाहन चालकों का आंदोलन उग्र रुप लेता दिखा। धनघटा-खलीलाबाद रोड के केरमुआ चौराहे पर प्रदर्शन कर रहे टैक्सी चालकों ने सवारियां भरकर धनघटा जा रही दो टैक्सियों को रोक लिया। उन्हें वापस लौटने की चेतावनी दिया। जब टैक्सी चालक आगे बढ़ने लगे तो हाथों में डंडे लेकर प्रदर्शन कर रहे लोगों ने दोनों टैक्सियों के शीशे तोड़ दिये। इस बात को लेकर दोनों पक्षों में जमकर तकरार हुई। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस सक्रिय हुई तो पुलिस को आते देख उपद्रव करने वाले मौके से फरार हो गए।

यह भी पढ़ें:-स्कूली वैन में लगवाना होगा CCTV कैमरा, तीन महीने का मिला समय, सरकार के इस कदम की अभिभावकों ने की सराहना

संबंधित समाचार