पद्म पुरस्कार से सम्मानित नसीम बानो ने सरकार और ईश्वर को दिया धन्यवाद, कहा- आज मैं जो कुछ भी हूं...

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखनऊ। लखनऊ की चिकनकारी कारीगर नसीम बानो को सरकार ने पद्म पुरस्कार से सम्मानित किया है। पद्म पुरस्कार की घोषणा के बाद बानो ने कहा, "मुझे कल रात दिल्ली से फोन आया और मुझे बताया गया कि मुझे पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। मैं और मेरा पूरा परिवार इस उपलब्धि से बहुत खुश हैं। हम इस पुरस्कार के लिए सरकार और अपने ईश्वर को धन्यवाद देते हैं।" 

राज्य की राजधानी के ठाकुरगंज इलाके की निवासी नसीम बानो ने बहुत कम उम्र में चिकनकारी शुरू कर दी थी। वह राज्य के अवध क्षेत्र में बढ़िया चिकन कढ़ाई के काम को लोकप्रिय बनाने के लिए जानी जाती हैं। बानो ने बताया कि चिकनकारी की कला उन्होंने अपने पिता हजान मिर्जा से सीखी। 

उन्होंने कहा, "आज मैं जो कुछ भी हूं, अपने परिवार के समर्थन और अपने पिता द्वारा दी गई शिक्षा की वजह से हूं।" बानो ने कहा कि उन्होंने बढ़िया चिकनकारी की परंपरा को जीवित रखने की कोशिश की है और इस परंपरा को युवा कारीगरों तक पहुंचाने को भी अपना लक्ष्य बनाया है। बानो ने कहा, "मैंने 5000 से अधिक चिकनकारी कारीगरों को इस कला में प्रशिक्षित किया है। मुझे उम्मीद है कि वे इस परंपरा की हिफाजत करेंगे और इसे आगे बढ़ाएंगे।" 

बानो को साल 1985 में राज्य पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्होंने बताया कि इसके अलावा 1988 में तत्कालीन राष्ट्रपति आर वेंकटरमन ने उन्हें इस काम के लिए सम्मानित किया था। बानो ने बताया कि उन्हें अपनी कला प्रदर्शित करने के लिए देश के विभिन्न शहरों और अमेरिका, जर्मनी, कनाडा, ओमान समेत नौ देशों में भी आमंत्रित किया जा चुका है। 

यह भी पढ़ें:-पद्मश्री मिलने पर बोले गौरव खन्ना- मैं नए खिलाड़ियों की पहचान करने पर ध्यान केंद्रित करता हूं

संबंधित समाचार