शाहजहांपुर: छतैनी के वाशिंदे झेल रहे दिक्कत, कच्ची गलियां और नालियों में गंदगी
निगोही, अमृत विचार। क्षेत्र के गांव छतैनी के वाशिंदे दिक्कते झेलने का मजबूर है। ग्रामीणों के मुताबिक गांव में न तो इंटरलॉकिंग कराई गई और ही सीसी रोड और तो और सफाई व्यवस्था भी भगवान भरोसे है।
ऊबड़-खाबड़ कुछ गलियों में ग्रामीणों ने मिट्टी डालकर समतल किया लेकिन गांव की कुछ गलियां अब कच्ची और ऊबड़-खाबड़ हैं। ग्रामीणों का कहना है कि होली का त्योहार हो गया और अब ईद आने वाली है लेकिन गांव में सफाई पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
निगोही ब्लाक क्षेत्र का यह छतैनी गांव स्वतंत्रता संग्राम सेनानी रहे रामनाथ दीक्षित के नाम से पहचाना जाता रहा। वह देश की आजादी के बाद तिलहर विधानसभा क्षेत्र से विधायक भी रहे। उनके निधन के बाद छतैनी के विकास कार्यो को लेकर ढुलमुल रवैया अपनाया जाता रहा है, यहीं वजह है कि गांव में अभी भी कच्ची और ऊबड़-गलियों से लोग निकलने को मजबूर हो रहे हैं।
साफ-सफाई की लापरवाही का आलम यह है कि नालियां देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि गांव में महीनों से सफाई कर्मचारी नहीं पहुंचा। जब नालियां चोक होने पर सड़कों पर पानी बहता है, तब फिर गांव वालों को खुद ही नाली साफ करनी पड़ती है। इस गांव की आबादी 1530 है और वोटर संख्या 1150 है। गांव में ब्राह्मण के अलावा ओबीसी और मुस्लिम समाज के लोग भी रहते हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में साफ-सफाई के बारे में प्रधान और सचिव से कई बार शिकायतें की गईं लेकिन हर बार आश्वासन देकर टरका दिया गया। आरोप लगाया कि सफाई कर्मचारी महीने में एक-दो बार ही नजर आता है और उस पर भी मनमाने तरीके से सफाई करके लौट जाता है। जब उससे सही से सफाई करने की बात करो तो अनसुना कर देता है।
होली पर उम्मीद थी कि गांव में साफ-सफाई हो जाएगी लेकिन सफाई नहीं हुई, अब ईद आने वाली है, सफाई की उम्मीद कम लग रही है। गर्मी की शुरूआत हो गई है और गंदगी की वजह से मच्छर पनपने लगे हैं, जिससे गांव में संक्रामक फैलने की आशंका बनी हुई है।
बोले ग्रामीण
गांव की ज्यादातर गलियां कच्ची है, न तो इंटरलॉकिंग कराई गई और न ही सीसी रोड बनाई है। ऊबड़-खाबड़ रोड से निकलने के लिए मजबूर हैं। कोई सुनने वाला नहीं है।-मो.जीशान
गर्मी की शुरूआत हो चुकी है, गांव में यदि ऐसे ही गंदगी बनी रही और साफ-सफाई पर ध्यान नहीं दिया गया तो मच्छर पनपेंगे और फिर संक्रामक रोग भी घेरेंगे।-शमशाद अली
होली बीत गई सफाई नहीं हुई, ईद आने वाली है, फिर सफाई नहीं की जा रही है। गांव में सफाई कर्मी के दर्शन ही होते हैं, कभी-कभी खुद सफाई करनी पड़ती है।-मोहम्मद अयूम
गांव में जो दिक्कते हैं, उनको लेकर प्रधान व गांव के सचिव से कई बार कहा गया लेकिन हर बार आश्वासन देकर टकरा दिया गया। समस्या का समाधान नहीं हो रहा है।-शाहिद आलम
विरोधियों को कोई न कोई बुराई करनी ही है, लेकिन वह गांव में विकास कार्यो को लेकर संकल्पित हैं। आचार संहिता के बाद गांव में प्रस्ताव पास कराकर विकास कार्य करवाए जाएंगे।-सुखपाल, प्रधान
मैंने दो माह पूर्व चार्ज लिया है पंचायत भवन बनबा रहे थे, वह अधूरा है। आचार संहिता का पालन करते हुए चुनाव बाद कार्य योजना भेज कर विकास कार्य कराए जाएंगे। सफाई कार्य कराया जाएगा।-संजीव सिन्हा, ग्राम पंचायत सचिव
ये भी पढ़ें- शाहजहांपुर: शहर के एक मकान में जोरदार धमाका, पांच लोग झुलसे...जांच में जुटी पुलिस
