बरेली : पत्नी से विवाद के बाद मां और बेटे ने जहर खाकर दी जान
स्कॉलरशिप के 1200 रुपये को लेकर हुआ था विवाद
बरेली/नवाबगंज, अमृत विचार। पत्नी से स्कॉलरशिप की रकम के झगड़े के बाद युवक ने जहर खा लिया। बेटे के जहर खाने के बाद मां ने भी जहर खा लिया। पीआरवी वैन से पुलिस ने दोनों को नवाबगंज सीएचसी लेकर पहुंची लेकिन डॉक्टरों ने महिला को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने युवक को बरेली रेफर किया लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई।
थाना क्योलड़िया थाना क्षेत्र के गांव धनौर जागीर के लोगों ने बताया कि जशोदा (65) के बेटे सोमपाल (35) की बेटी लज्जावती गांव के ही प्राइमरी स्कूल में पढ़ती है। बेटी की स्काॅलरशिप के 12 सौ रुपये के लिए गुरुवार को सोमपाल का पत्नी जगदेवी से झगड़ा हो गया। शुक्रवार को भी इसी बात पर दोनों में कहासुनी हो गई। जशोदा ने बहू जगदेवी को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह उनसे भी उलझ गई और सोमपाल को भी बुरा भला कहा। पत्नी की बातों से आहत सोमपाल ने शुक्रवार शाम 5 बजे जहर लिया। जशोदा ने जब बेटे को जहर खाते देखा तो उन्होंने भी जहर खा लिया। गांव के लोगों ने यूपी 112 पर कॉल की। मौके पर पहुंची पुलिस मां-बेटे को नवाबगंज सीएचसी लेकर पहुंची। जहां डॉक्टरों ने जशोदा को मृत घोषित कर दिया और सोमपाल को हायर सेंटर रेफर कर दिया लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई। नवाबगंज पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच की। दादी और पिता की मौत के बाद मुनीश, दया और लज्जावती का रो-रोकर बुरा हाल है। मां-बेटे की मौत के बाद गांव में लोग कई तरह की बातें कर रहे हैं। सोमपाल और उसकी पत्नी जगदेवी में अक्सर विवाद होता रहता था।
10 साल पहले हो चुकी है बड़े भाई की मौत
जशोदा के पति ईश्वरी प्रसाद की कई साल पहले मौत हो गई थी। दो बेटों में बड़े बेटे मिढ़ई लाल की 10 साल पहले मौत हो गई थी। मिढ़ई लाल की पत्नी अपने पुत्र के साथ मायके जरपा मोहनपुर में रह रही है। सोमपाल की पत्नी ने बताया कि पति आए दिन घर में झगड़ा करता था और जान देने की बातें करता था। उसके दो पुत्र मुनीश (8) और दया (3 वर्ष ) और एक पुत्री लज्जावती (5 ) हैं। महिला का आरोप है कि मां बेटे अपनी डेढ़ बीघा जमीन पहले ही बेच चुके थे और अब पूरी तरह भूमिहीन हो गए थे। जिसकी वजह से परिवार अत्यधिक गरीबी में दिन काट रहा था।
