वह खुद एक महिला हैं और..., दुख दर्द समझती हैं- अखिलेश यादव ने ममता बनर्जी का किया बचाव, भाजपा पर लगाया यह आरोप

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आजमगढ़। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कोलकाता में एक चिकित्सक के साथ कथित तौर पर दुष्कर्म करने और फिर उसकी हत्या की घटना को लेकर शनिवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर राजनीति करने का आरोप लगाया। आजमगढ़ जिले के लालगंज में एक निजी कार्यक्रम में पहुंचे अखिलेश यादव ने कोलकाता की घटना को लेकर पश्चिम बंगाल की मुख्‍यमंत्री ममता बनर्जी का बचाव करते हुए कहा, ‘‘वह (ममता बनर्जी) खुद एक महिला हैं, महिला का दुख दर्द समझती हैं।’’ 

भाजपा पर हमला बोलते हुए सपा प्रमुख ने कहा, ‘‘भाजपा इस मामले में राजनीति कर रही है, जो उसको नहीं करना चाहिए। इस घटना को लेकर चिकित्सक आंदोलन कर रहे हैं लेकिन भाजपा राजनीति कर रही है।’’ उन्होंने उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक दलित महिला के आत्मदाह का मामला उठाते हुए कहा, ‘‘भाजपा के लोग इस पर कुछ नहीं बोल रहे हैं। कोई पत्रकार अगर आवाज उठाता है तो उस पर मुकदमा दर्ज कर दिया जाता है, जेल भेज दिया जाता है।’’ 

सपा प्रमुख ने 69,000 शिक्षकों की भर्ती मामले में इलाहबाद उच्‍च न्‍यायालय के फैसले को लेकर कहा कि अब सरकार पीड़ित बच्चों की सुध लेगी और बच्चों को न्याय मिलेगा, सरकार ने जो भेदभाव किया था उसमें सुधार होगा। यादव ने कहा, ‘‘इससे पहले इतना बड़ा आंदोलन कभी नहीं देखा था, चाहे त्योहार हो या आम दिन, पीड़ित बच्चे लगातार आंदोलन करते रहे, अलग-अलग प्रतिनिधिमंडल बनाकर लोगों से मिले और अब जाकर उनको न्याय मिला है।’’ 

इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ ने सहायक शिक्षक भर्ती परीक्षा (एटीआरई) के तहत राज्य में 69 हजार शिक्षकों की नियुक्ति के लिए जून 2020 में जारी चयन सूची और 6800 अभ्यर्थियों की पांच जनवरी 2022 की चयन सूची को दरकिनार कर नए सिरे से चयन सूची बनाने के आदेश दिया है। सपा मुख्‍यालय से जारी एक बयान में कहा गया कि लखनऊ से वाराणसी विमानतल पर पहुंचने पर बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने अखिलेश यादव का स्वागत किया। वाराणसी में विमानतल के बाहर अखिलेश यादव ने संवाददाताओं से बात करते हुए 69 हजार शिक्षक भर्ती मामले में उच्‍च न्‍यायालय के निर्णय का स्वागत किया। 

उन्होंने कहा, ‘‘अपने हक के लिए शिक्षक अभ्यर्थियों ने लंबी लड़ाई लड़ी। माननीय उच्च न्यायालय का धन्यवाद देता हूं। अदालत ने मामले का संज्ञान लिया और पिछड़े तथा दलित वर्ग के अभ्यर्थियों का संघर्ष कामयाब रहा।’’ यादव ने कहा, ‘‘सरकार से कहना चाहता हूं कि जो अधिकार संविधान में मिले हुए हैं उसे न छीने और पिछड़े, दलित शिक्षक अभ्यर्थियों को उनका अधिकार दे।’’ सपा प्रमुख ने कहा, ‘‘हम नयी सूची पर लगातार निगाह रखेंगे और किसी भी अभ्यर्थी के साथ कोई हकमारी या नाइंसाफी न हो सके, यह सुनिश्चित करने में कंधे से कंधा मिलाकर अभ्यर्थियों का साथ निभाएंगे।’’ 

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