बदला जाए गुलामी का प्रतीक लीज होल्ड कानून : इण्डियन इण्डस्ट्री एसोसिएशन (आईआईए) ने उठाई मांग

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बाराबंकी, अमृत विचार । औद्योगिक भूमि पर लागू लीज होल्ड कानून को बदला जाए। ऐसी भूमि को सरकार फ्री होल्ड करे। जिससे उद्यमी अपने व्यवसाय को बढ़ा सकें। इससे सकल घरेलू उत्पादन में जहां बढ़ोत्तरी होगी वहीं सरकार के राजस्व में भी वृद्धि होगी। यह बात इण्डियन इण्डस्ट्री एसोसिएशन (आईआईए) के बाराबंकी चैप्टर के चेयरमैन कैप्टन राजेश कुमार तिवारी ने शुक्रवार को पत्रकार वार्ता में कही।

कैप्टन राजेश कुमार तिवारी ने कहा कि सालों से आईआईए विभिन्न स्थानों पर प्रदेश व देश स्तर पर अपनी मांग रख चुका है। उन्होंने कहा कि लीज होल्ड भूमि को फ्री होल्ड में बदलने की मांग का मुख्य कारण यह है कि यूपीसीडा या उद्योग निदेशालय द्वारा दी गई लीज होल्ड भूमि पर कई महत्वपूर्ण कार्यों के लिए उद्यमियों को अनुमति प्राप्त करने में कई विभागों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। इसमें अगर उद्यमी को अपने उद्योग में कोई नया उत्पाद बनाना है, बैंक लिमिट में बदलाव करना है या बैंक बदलना है, अपने उद्योग को ब्लड रिलेशन में हस्तांतरित करना हो या फिर उद्योग की भूमि व भवन किराए पर देना हो आदि मामलों में अनुमति प्राप्त करने के लिए उद्यमियों को भ्रष्टाचार का शिकार बनना पड़ता है। उन्होंने कहा कि लीज होल्ड भूमि कानून ब्रिटिश शासन के दौरान लागू हुआ था।

जब देशवासियोंको गुलाम बनाया गया था। वर्तमान में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सरकार ने अमृतकाल में गुलामी के अंशों से मुक्ति पाने का संकल्प लिया है। ऐसे में लीज होल्ड कानून को भी बदलने की जरूरत है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बाबा पठान जैसे लोग जो एमओयू की आड़ में गलत तरीके अपनाकर जमीनों का हेरफेर कर रहे हैं। उसका हम लोग सख्त विरोध करते हैं और पुलिस-प्रशासन से ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हैं। इस मौके पर आईआईए के पदाधिकारियों में जगेश अग्रवाल, अमन अग्रवाल, अंशुल अग्रवाल, विधु गुप्ता, और अभिषेक पाठक मुख्य रूप से मौजूद रहे।

 

संबंधित समाचार