शाहजहांपुर: तेंदुए ने किया था नीलगाय का शिकार...वनकर्मियों ने की कांबिंग, लोगों को किया जागरूक

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Edited By Amrit Vichar
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खुटार, अमृत विचार। गांव प्रतापपुर में तेंदुआ ने नीलगाय का शिकार करने और लोगों के लगातार देखे जाने के बाद आखिरकार वन विभाग की नींद टूट गई। मंगलवार को रेंजर मनोज श्रीवास्तव ने वनकर्मियों को गांव भेजकर लोगों को जागरूक किया। साथ ही खेतों की तरफ कांबिंग की।  

28 सितंबर को गांव प्रतापपुर निवासी अधिवक्ता कृष्ण प्रताप सिंह के खेत में तेंदुआ ने नीलगाय का शिकार कर लिया था। जानकारी होने पर खेत स्वामी परिवार के सदस्यों के साथ खेत पर पहुंचे थे। जहां किसी जानवर के अवशेष और पगचिन्ह मिले थे लेकिन दूसरे दिन अवशेष गायब थे। जंगली जानवर के होने की आशंका जताई थी। 

उधर, खुटार थाने में तैनात राम सिंह 28 सितंबर को गांव प्रतापपुर में लौटने के दौरान तेंदुआ देखा था, तो गांव के लोगों को सूचना दी थी। वहीं, गांव प्रतापपुर प्रधान नवल किशोर ने तेंदुआ देखा था। तेंदुआ की चहलकदमी देखे जाने के बाद मंगलवार को वनकर्मी संतोष गौड़, संतोष पाठक, अशोक वाजपेयी, जरदार आदि वनकर्मी गांव पहुंचे। जहां लोगों से मिलकर पूछताछ की। 

इसके बाद गांव के लोगों के साथ वनकर्मियों ने खेत की तरफ कांबिग की। इसके अलावा लोगों को जागरूक करने और सतर्कता बरतने की अपील की है। साथ ही वनकर्मी तेंदुआ की लोकेशन ट्रेस करने में प्रयास करते रहे। 

रेंजर मनोज श्रीवास्तव ने कहा कि रात के समय खेत की तरफ न जाये और शाम होने से पहले ही घर लौट आये। इसके अलावा एक समूह बनाकर खेत की ओर जाए और शोर करते है। इससे झाड़ियों में जंगली जानवर होगा तो चला जायेगा।

प्रतापपुर में तेंदुआ की सूचना पर मौके पर पहुंच कर जांच की गई थी। इसके बाद ग्रामीणों से सतर्कता बरतने की अपील की थी। टीम गठित की गई है, जो लगातार क्षेत्र में काम्बिंग कर लोगों को सतर्क कर रही है। अब तेंदुआ की लोकेशन प्रतापपुर की तरफ नही है। - मनोज श्रीवास्तव, रेंजर खुटार

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