Auraiya: तू मुझे जानता नहीं है मैं बेला थाने में तैनात हूं...दिव्यांग युवक ने सिपाही पर मारपीट का लगाया आरोप, जानिए पूरा मामला

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

औरैया, अमृत विचार। बेला कस्बा निवासी रामेंद्र कुमार पुत्र बाबूराम ने थाना पुलिस को प्रार्थना पत्र देते हुए बताया कि वह सरकारी शिक्षक है। एक पैर से दिव्यांग है। शिक्षक की बेटी के नाम से एक पैथोलॉजी संचालित है। जिससे उसका भाई देखता करता है। शिक्षक अपने शिक्षण कार्य से निवृत होकर वह खाली समय में अपने पैथोलॉजी में समय व्यतीत करता है। 

बीते दिनों बेला थाने में तैनात सिपाही संजय पैथोलॉजी पहुंचा और जांच कराने की बात कही। जांच के बाद पैसे मांगने पर सिपाही ने अभद्रता की। कहा कि तू मुझे जानता नहीं है मैं बेला थाने में तैनात हूं। अगर तू पैथोलॉजी चलाएगा तो मेरी सारी जांच फ्री करनी होगी और मुझे हर महीने खर्चा देना होगा। 

सबक सिखाने की बात कहकर सिपाही पैथोलॉजी से चला गया। इसके बाद पीड़ित जब अपनी मोटरसाइकिल की सर्विस कराने गया। जहां उसे सिपाही मिल गया और दिव्यांग को काॅलर पकड़ कर जोरदार तमाचा जड़ दिया। थप्पड़ मारने की वजह से दिव्यांग शिक्षक के कान से खून निकलने लगा।

सिपाही दिव्यांग की जेब में पड़े 2300 सौ रुपये निकाल लिए और झूठे मुकदमें में फंसाने की धमकी देकर भाग निकला। इसके बाद प्रार्थी दिव्यांग शिक्षक बेला थाने पहुंचा और मामले की तहरीर देनी चाहिए। शिक्षक ने बताया कि वह इस घटना से मानसिक रूप से परेशान है अगर कोई सुनवाई नहीं होती है। तो वह उच्च अधिकारियों के पास जाएगा।

ये भी पढ़ें- Kanpur: अंतराग्नी का आगाज; जमकर झूमे युवा, ‘बैंड ऑल इंडिया परमिट’ ने गीतों से भरा उत्साह, रैंप पर दिखा फैशन का जलवा

संबंधित समाचार