अमरोहा: पुलिस ने युवक को पानी की बजाए पिलाया तेजाब, गुस्साए लोगों ने एसपी कार्यालय पर दिया धरना

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Edited By Amrit Vichar
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अमरोहा, अमृत विचार : सैदनगली थाने में संभल के युवक को पानी की बजाए तेजाब पिलाने के मामले में परिजनों ने शनिवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय परिसर में धरना प्रदर्शन किया। उन्होंने कार्रवाई नहीं होने तक धरना देने की चेतावनी दी। धरना स्थल पर ही बीमार युवक को ड्रिप चढ़ाई गई। देर शाम आश्वान के बाद उन्होंने धरना खत्म किया।

जिला संभल के गांव पनसुखा मिलक के रहने वाले पुष्पेंद्र ने शनिवार को बताया कि 14 अक्टूबर की रात सैदनगली थाने के पास दो गुटों में झगड़ा हो रहा था। वहां उसका छोटे भाई धर्मेंद्र ने झगड़ा कर रहे लोगों को शांत कराने की कोशिश की थी। आरोप है कि पुलिस उसे पकड़ कर थाने ले गई थी और हवालात में बंद कर दिया था। उसने पीने के लिए पानी मांगा तो पुलिस वालों ने उसे तेजाब पीला दिया था। 

तेजाब पीने से उसकी हालत बिगड़ गई थी। इसके बाद उसे निजी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन वहां से हालत नाजुक होने पर मेरठ रेफर कर दिया गया। परिजनों ने बताया कि मेरठ के डॉक्टरों ने कहा कि धर्मेंद्र की आंत कट चुकी है। इससे उसकी हालत नाजुक है।

परिजनों ने बताया कि कार्रवाई के लिए वे सीओ, एसपी, डीआईजी और मुख्यमंत्री के यहां जा चुके हैं। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद वे विवश होकर एसपी कार्यालय में धरने पर बैठ गए। परिजनों का कहना है कि वे आरोपी पुलिस कर्मियों के खिलाफ निष्पक्ष रूप से जांच कर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। आरोप है कि शिकायत करने पर उनसे सीसीटीवी कैमरा की फुटेज मांगी जा रही है। शनिवार को वे धरने पर बैठे रहे। परिजनों ने युवक को भी धरनास्थल पर लेटा दिया। जहां उसे ड्रिप चढ़ गई। 

धर्मेंद्र के भाई पुष्पेंद्र का कहना है कि उनकी कहीं भी सुनवाई नहीं हो रही है। जबकि उसके भाई की तबीयत हर रोज बिगड़ती जा रही है। उसने कहा कि वे धरनास्थल से तभी ही उठेंगे, जब आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। इस संबंध में एएसपी रजीव कुमार सिंह ने बताया कि मामला संज्ञान में है। जांच कराई जा रही है।

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