Kanpur: जमीन के विवाद पीट-पीटकर कर मरणासन्न किए गए बुजुर्ग की मौत, बेटा बोला- खुलेआम घूम रहे आरोपी

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Published By Deepak Shukla
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कानपुर, अमृत विचार। बर्रा थानाक्षेत्र में आठ दिन पूर्व जमीन के विवाद में बुजुर्ग पिता को पीट-पीटकर मरणासन्न कर दिया गया था। इस घटना में उसके बड़े बेटे पर भी आरोपियों ने हमला बोल दिया था। पीड़ित किसी तरह पिता को लेकर थाने पहुंचा। आरोप है, कि लेकिन पुलिस ने सुनवाई नहीं की। जिसके बाद वह पिता को लेकर पुलिस ऑफिस और डीसीपी साउथ कार्यालय गए। इसके बाद दोनों का मेडिकल होने में चार दिन का समय लगा गया। 

जब पिता का इलाज शुरू किया गया तो उनकी हालत बिगड़ गई। आनन-फानन बुजुर्ग पिता को निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। बेटों व अन्य परिजनों का आरोप था कि बर्रा पुलिस की उदासीनता के कारण आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। घटना में मौत की सूचना पर पहुंची पुलिस ने पूछताछ कर आगे की प्रक्रिया शुरू की। 
  
कर्रही निवासी 60 वर्षीय बुधई राजपूत सब्जी का ठेला लगाकर परिवार का पालन पोषण करता था। परिवार में पत्नी भगवानदेई राजपूत, दो बेटे जितेंद्र, कन्हैया व एक शादी शुदा बेटी रेनू है। बेटों ने बताया कि घर के ठीक बगल में जमीन है, जिसमें 30 गज उनके हिस्से में है। आरोप लगाया कि उनका चचेरा भाई पप्पू, राजेश व अन्य दबंगों के साथ उनकी जमीन पर फर्नीचर का सामान और बोर्ड लगा दिया है। 

बड़े बेटे जितेंद्र ने बताया कि 28 नवंबर को वह और पिता बुधई राजपूत इस बात का उन लोगों से विरोध किया तो आरोपियों ने सड़क पर गिरा-गिराकर बेरहमी में मारापीटा। पिता की उम्र होने के कारण वह अचेत हो गए और उनका हाथ तोड़ दिया। घटना के वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे। वहीं वह भी घायल हो गया। इसके बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए वहां से भाग निकले। जितेंद्र ने आरोप लगाया कि वह किसी तरह पिता को लेकर बर्रा थाने पहुंचा लेकिन वहां कोई सुनवाई नहीं हुई।

इसके बाद वह दूसरे दिन भी थाने गया लेकिन कार्रवाई न होने पर पुलिस कमिश्नर ऑफिस और डीसीपी साउथ कार्यालय गया। जहां अफसरों के हस्तक्षेप के बाद पुलिस ने तीन दिन बाद दोनों का मेडिकल कराया। इसके बाद डॉक्टर ने एक्सरे के लिए 2 नवंबर को बुलाया। एक्सरे के बाद 5 नवंबर को इलाज के लिए कांशीराम हॉस्पिटल बुलाया। वहां भी किसी तरह पिता को वह लेकर पहुंचा। लेकिन उनकी हालत बिगड़ती ही चली गई।

इस पर वह आनन-फानन पीएसी मोड़ के पास स्थित निजी अस्पताल ले गया। जहां 6 नवंबर सुबह आठ बजे उनकी मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच कर आलाधिकारियों को सूचना की। जितेंद्र ने बताया कि इस जमीन से आरोपियों का मुकदमा न्यायालय में चल रहा है। वहीं इस मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आंतों के फटने और बायां हाथ टूटा मिला है। इस संबंध में बर्रा इंस्पेक्टर राजेश शर्मा के अनुसार परिजनों की तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।

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