लखीमपुर खीरी : कार्रवाई न होने पर भड़की सिख संगत, कोतवाली में प्रदर्शन कर दिया धरना

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Edited By Pradeep Kumar
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पगड़ी व मोबाइल लूटे जाने के मामले में कार्रवाई न होने से नाराज हुए सिख

पलियाकलां/लखीमपुर खीरी, अमृत विचार। जमीन विवाद में सिख की पगड़ी व मोबाइल लूट मामले में घटना को तोड़ मरोड़कर दर्ज करने और 40 दिन बाद भी कार्रवाई न होने से रविवार को सिक्ख संगत भड़क उठी। भारतीय सिक्ख संगठन के नेतृत्व में बड़ी संख्या में सिख संगत कोतवाली पलिया पहुंची और प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की और धरने पर बैठ गए। इससे पुलिस में हड़कंप मच गया। कोतवाल ने कड़ी कार्रवाई का आश्वासन देकर किसी तरह से उन्हें शांत कराया।  तब जाकर करीब चार घंटे बाद धरना-प्रदर्शन समाप्त हो सका।

पलिया कोतवाली क्षेत्र के ग्राम प्रेमनगर निवासी सिक्ख फार्मर प्रीतम सिंह का जमीनी विवाद में बड़ागांव निवासी आरोपी प्रधान के परिजनों आसिफ खां, असहब खां व एजाज खां आदि से करीब 40 दिन पहले हुआ था। आरोप है कि आरोपियों ने मारपीट करते हुए प्रीतम सिंह की पगड़ी और मोबाइल लूट लिया था। पीड़ित फॉर्मर ने पुलिस को तहरीर दी थी, लेकिन पुलिस ने खेल कर तहरीर को बदलवाते हुए मामूली मारपीट की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर मामले को रफा दफा कराने का प्रयास किया, जबकि पीड़ित कोतवाली से लेकर पुलिस अधीक्षक के कार्यालय तक अपनी फरियाद लगाता रहा, लेकिन कोई सुनवाई न होने पर उसने भारतीय सिक्ख संगठन के जिलाध्यक्ष गुरमीत सिंह रंधावा,  सुरेन्द्र सिंह सहित सिक्ख धर्म के जत्थेदारों से न्याय की गुहार लगाई। इसके बाद से पंद्रह दिनों से एक जुट हुई सिख संगत लूट की रिपोर्ट दर्ज करने व पकड़ी व मोबाइल की बरामदगी के लिए पुलिस अधिकारियों के चक्कर काट रहे थे, लेकिन अफसरों ने कोई संज्ञान नहीं लिया। इससे सिक्ख संगत भड़क उठी और शनिवार को उनका गुस्सा फूट पड़ा। पलिया गुरुद्वारे में एकत्र हुई सिक्ख संगत ने बैठक की। इसके बाद भारतीय सिक्ख संगठन के जिला अध्यक्ष सरदार गुरमीत सिंह रंधावा के नेतृत्व में सभी लोग कोतवाली पहुंचे। लूटी गई पगड़ी व मोबाइल की बरामदगी को लेकर कड़ी नाराजगी जाहिर करते प्रदर्शन किया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कोतवाली में धरने पर बैठ गए।

जिलाध्यक्ष गुरमीत सिंह रंधावा सहित उपस्थित सिक्ख नेताओं ने एक स्वर में आरोपियों पर लूट और धार्मिक आस्था को ठेस पहुँचाने व धार्मिक प्रतीकों से छेड़छांड़ की रिपोर्ट दर्ज कराने व लूटा गया मोबाइल व मान मर्यादा की प्रतीक पगड़ी की बरामदगी करने की मांग की। उन्होंने कहा कि अगर पुलिस पगड़ी नहीं बरामद कर पाती है, तो धार्मिक आस्थाओं से खिलवाड़ करने वाले आरोपियों के खिलाफ भारतीय सिक्ख संगठन आर पार की लड़ाई करने को विवश होगा। इसके बाद प्रभारी निरीक्षक ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उनसे बातचीत की और 24 घंटे के भीतर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इस पर लोग शांत हुए और धरना समाप्त किया। धरना- प्रदर्शन के दौरान सरदार सुरेन्द्र सिंह गिल, दलजीत सिंह, हरजिंदर सिह सहित काफी संख्या में सिक्ख समुदाय के लोग मौजूद रहे।

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