मध्यप्रदेश के लिए रेल बजट 2025-26 में 31 नई रेल परियोजनाओं सहित मिली कई सौगातें 

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

भोपाल। मध्यप्रदेश के लिए रेल बजट 2025-26 में रेल अवसंरचना के विकास के लिए 31 नई रेल परियोजनाओं सहित कई सौगातें दी गई हैं। इस बजट में राज्य के रेल नेटवर्क के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए 14,745 करोड़ रुपए का आवंटन किया गया है।

पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल मंडल के प्रवक्ता ने बताया कि केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश के लिए घोषित रेल बजट 2025-26 के तहत राज्य में 31 नई रेल परियोजनाओं को स्वीकृति दी गई है, जिनकी कुल लंबाई 5,869 किलोमीटर है और इन पर 1,04,987 करोड़ रुपए का निवेश प्रस्तावित है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से राज्य के विभिन्न क्षेत्रों को बेहतर रेल कनेक्टिविटी मिलेगी और यात्री सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार होगा। 

उन्होंने बताया कि यात्रियों की सुविधा के लिए प्रदेश के 80 स्टेशनों को ‘अमृत स्टेशन’ के रूप में विकसित किया जा रहा है, जिन पर कुल 2,708 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इन स्टेशनों में अकौड़िया, आमला, अनुपपुर, अशोकनगर, बालाघाट, बनापुरा, बरगवां, ब्योहारी, बेरछा, बैतूल, भिंड, भोपाल, बिजुरी, बीना, ब्यावरा राजगढ़, छिंदवाड़ा, डबरा, दमोह, दतिया, देवास, गाडरवारा, गंजबासोदा, घोड़ाडोंगरी, गुना, ग्वालियर, हरदा, हरपालपुर, इंदौर जंक्शन, इटारसी जंक्शन, जबलपुर, जुन्नारदेव, करेली, कटनी जंक्शन, कटनी मुरवारा, कटनी साउथ, खाचरोद, खजुराहो जंक्शन, खंडवा, खिरकिया, लक्ष्मीबाई नगर, मैहर, मक्सी जंक्शन, मंडला फोर्ट, मंदसौर, एमसीएस छतरपुर, मेघनगर, मुरैना, मुलताई, नागदा जंक्शन, नैनीपुर जंक्शन, नर्मदापुरम (होशंगाबाद), नरसिंहपुर, नेपनागर, नीमच, ओरछा, पांढुर्ना, पिपरिया, रतलाम, रीवा, रुथियाई, सांची, संत हिरदाराम नगर, सतना, सागर, सीहोर, सिवनी, शहडोल, शाजापुर, श्यामगढ़, श्योपुर कलां, शिवपुरी, श्रीधाम, शुजालपुर, सिहोरा रोड, सिंगरौली, टीकमगढ़, उज्जैन, उमरिया, विदिशा और विक्रमगढ़ आलोट जैसे प्रमुख स्टेशन शामिल हैं। 

इसीतरह स्टेशन पुनर्विकास परियोजनाओं के तहत रानी कमलापति, ग्वालियर, खजुराहो, सतना, इंदौर, बीना और जबलपुर जैसे महत्वपूर्ण स्टेशनों के पुनर्विकास पर 1,950 करोड़ रुपए की लागत से कार्य किया जा रहा है। राज्य में रेलवे सुरक्षा के लिहाज से भी महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। ‘कवच’ तकनीक के अंतर्गत 3,572 किलोमीटर रेल मार्ग पर सुरक्षा कार्य स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें से 1,422 किलोमीटर पर कार्य प्रगति पर है। यह तकनीक ट्रेन संचालन के दौरान दुर्घटनाओं को रोकने में मदद करेगी और यात्रियों की सुरक्षा को और मजबूत बनाएगी। 

उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश में 2,808 किलोमीटर रेल मार्ग का विद्युतीकरण पूरा किया जा चुका है, जिससे मध्यप्रदेश 100 प्रतिशत विद्युतीकृत राज्य बन गया है। इसके अलावा राज्य में 2,456 किलोमीटर नई पटरियों का निर्माण किया गया है। यात्रियों के बेहतर अनुभव के लिए मध्यप्रदेश में 4 वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है, जो राज्य के 14 जिलों को जोड़ती हैं और 18 स्टॉपेज प्रदान करती हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए 69 लिफ्ट, 41 एस्केलेटर और 408 स्टेशनों पर वाई-फाई की सुविधा भी प्रदान की गई है। 

वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ कटारिया ने बताया कि इस बजट प्रदेश में रेलवे नेटवर्क का विस्तार होगा और रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि रेलवे के आधुनिकीकरण और यात्री सुविधाओं के विस्तार से प्रदेश के आर्थिक विकास को एक नई दिशा मिलेगी। यह रेल बजट राज्य के सामाजिक और आर्थिक विकास के साथ-साथ यात्री सुविधाओं में सुधार के लिए भी मील का पत्थर साबित होगा।

ये भी पढ़ें- राज्यसभा: गूगल मैप से होने वाली दुर्घटनाओं का मुद्दा उठा, सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग

संबंधित समाचार