Kanpur: जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में छात्रों ने की ई-रैगिंग, एक सेमेस्टर के लिए किए गए निष्कासित, जुर्माना भी लगा
कानपुर, अमृत विचार। जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में ई-रैगिंग में दोषी पाए गए आठ छात्रों ने जूनियर छात्रों को फोन कॉल व फर्जी इंस्टाग्राम आईडी से मैसेज कर परेशान करने का प्रयास किया था। शिकायत होने पर जांच कॉलेज से लेकर दिल्ली तक चली। अब कॉलेज प्रशासन ने एक सेमेस्टर के लिए आरोपी छात्रों को निष्कासित करने के साथ 10-10 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है।
प्राचार्य डॉ. संजय काला के मुताबिक जिन आठ छात्रों ने जूनियरों के साथ ई-रैगिंग का प्रयास किया है, उनको एक सेमेस्टर के लिए निष्कासित कर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है, ताकि भविष्य में कोई भी सीनियर छात्र जूनियर के साथ रैगिंग करने के बारे में नहीं सोचे। इसके अलावा छात्रों के अभिभावकों को बुलाकर ये भी लिखकर लिया गया है कि वह अगर दोबारा गलती करते है तो उन्हें कॉलेज से निकाल दिया जाएगा। दोषी छात्रों ने माफी भी मांगी है। सभी छात्र मेधावी हैं। लेकिन इन छात्रों ने फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाकर अलग-अलग स्थानों से जूनियर छात्रों को मैसेज और फोन कॉल किए थे।
जीएसवीएम में यह हुई थी घटना
चार माह पहले एक अभिभावक ने एमबीबीएस प्रथम वर्ष (पैरा एस-2) के छात्रों के रैगिंग के प्रयास की शिकायत की थी। एंटी रैगिंग सेल को भी मामला अवगत कराया था। इसपर उसी दिन फैकल्टी सदस्यों के साथ हॉस्टल जाकर छात्रों के इंस्टाग्राम चैट का स्क्रीन शॉट और फोन कॉल की डिटेल ली थी। मामले की जांच शुरू कर साइबर सेल को भी केस दिया गया था। साइबर सेल की जांच में एमबीबीएस द्वितीय वर्ष (पैरा आर-2) के आठ छात्र दोषी पाए गए।
