बरेली: शिक्षक एमएलसी चुनाव की पिच से महिला प्रत्याशी गायब
विश्वदीपक त्रिपाठी, बरेली। जल, थल और अंतरिक्ष में अपने नाम का डंका बजाने वाली महिलाओं की बरेली-मुरादाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद सदस्य के चुनाव में इस बार अहम भूमिका होगी। महिला मतदाताओं की संख्या किसी भी प्रत्याशी को विधान परिषद में भेजने के लिए काफी है। अब आने वाले समय में देखना है …
विश्वदीपक त्रिपाठी, बरेली। जल, थल और अंतरिक्ष में अपने नाम का डंका बजाने वाली महिलाओं की बरेली-मुरादाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद सदस्य के चुनाव में इस बार अहम भूमिका होगी। महिला मतदाताओं की संख्या किसी भी प्रत्याशी को विधान परिषद में भेजने के लिए काफी है। अब आने वाले समय में देखना है कि महिला मतदाताओं का सबसे अधिक पसंदीदा प्रत्याशी कौन बनता है।
बरेली और मुरादाबाद मंडल में शिक्षक एमएलसी के चुनाव लेकर सभी प्रत्याशियों ने ताकत झोंक दी है। प्रत्याशी और उनके प्रचारक अपने-अपने पक्ष में वोटरों को लाने के लिए जोर आजमाइश में जुटे हैं। इस बार के चुनाव में खास बात तो यह है कि महिला शिक्षक मतदाताओं में तेजी से वृद्धि हुई है। कुल वोट में पुरुष वोटर 23120 और महिला वोटर 13583 है, जितनी संख्या महिला वोटरों की है, उससे कम वोट पाकर कई चुनावों में प्रत्याशी जीत चुके हैं।
पहले काफी कम महिला वोटर हुआ करती थीं। इसके कारण प्रत्याशी गंभीरता से इन वोटरों पर निगाह नहीं रखते थे जबकि दूसरी तरफ एक बात यह भी है कि पार्टियां और शिक्षक संघ भले ही महिलाओं की हर क्षेत्र में भागीदारी सुनिश्चित करने का दावा ठोकते हैं लेकिन जमीनी हकीकत इसके उलट है। अभी तक किसी भी दल या वर्चस्व में रहे शिक्षक संघ के गुट ने महिला प्रत्याशियों को मैदान में नहीं उतारा है।
इस बार के चुनाव में दो महिला प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र दाखिल किया था लेकिन बाद में चलकर वापस ले लिया। इसके कारण शिक्षक एमएलसी के राजनीति की पिच से महिला प्रत्याशी गायब हो गई हैं। अब केवल उनको अपने चहेते प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करना होगा, जबकि दूसरी महिला वोटरों के ग्राफ में तेजी से बढोतरी हुई।
