बलिया: फर्जी बीपीएल प्रमाण पत्र जारी करने के मामले में लेखपाल निलंबित

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बलिया। बलिया जिले के दो आंगनबाड़ी केंद्र पर आंगनवाड़ी कार्यकत्री पद पर फर्जी बीपीएल (गरीबी रेखा से नीचे) प्रमाण पत्र के माध्यम से नियुक्ति के मामले में जिला प्रशासन ने एक लेखपाल को निलंबित कर दिया है। जिला प्रशासन के अधिकारी ने यह जानकारी दी है। उप जिलाधिकारी सदर आत्रेय मिश्र ने मंगलवार को बताया कि बलिया सदर तहसील क्षेत्र के आमघाट के लेखपाल दिव्यांशु कुमार यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। 

उन्होंने बताया कि जिले के दो आंगनबाड़ी केंद्र- बलिया सदर तहसील अंतर्गत बेलहरी परियोजना के बजरहा एवं रेपुरा गांव में आंगनबाड़ी कार्यकत्री पद पर गत मार्च 2025 में क्रमश: गुड़िया पत्नी मनीष कुमार (रेपुरा) एवं अमृता दुबे पत्नी आलोक कुमार दुबे (बजरहा) की नियुक्ति हुई थी। उन्होंने बताया कि दोनों ने बीपीएल प्रमाण पत्र के माध्यम से नियुक्ति हेतु आवेदन किया था, जिसमें उनकी पारिवारिक मासिक आय तीन हजार आठ सौ रुपये से कम प्रदर्शित की गई थी। 

उन्होंने बताया कि इस मामले में शिकायत के जरिए यह तथ्य सामने आया कि दोनों आवेदकों के पति सरकारी सेवा में कार्यरत हैं, जिसमें एक के पति आईटीबीपी और दूसरे के पति शिक्षा मित्र के पद पर कार्यरत हैं, ऐसे में दोनों आवेदक बीपीएल के लिए उपयुक्त नहीं हैं। उन्होंने बताया कि शिकायत को गंभीरता से लेते हुए तहसीलदार सदर से मामले की जांच करायी गई। 

उन्होंने बताया कि जांच में यह तथ्य सामने आया कि दोनों आवेदक के परिवार के सदस्य सरकारी सेवा में कार्यरत हैं और बीपीएल श्रेणी में नहीं आते हैं। उन्होंने कहा कि जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि इन्हें फर्जी प्रमाण पत्र जारी किया गया है, जिसको बनवाने में बलिया सदर तहसील क्षेत्र के आमघाट के लेखपाल दिव्यांशु कुमार यादव की संलिप्तता रही है। 

उन्होंने कहा कि जांच में यह बात सामने आयी कि लेखपाल द्वारा आवेदक के साथ मिलीभगत करके फर्जी बीपीएल प्रमाण पत्र निर्गत किया गया है। उन्होंने कहा कि इस गंभीर अनियमितता को दृष्टिगत रखते हुए दोनों आवेदकों की आंगनबाड़ी विभाग में हुई नियुक्तियां तत्काल प्रभाव से निरस्त की जा चुकी हैं। 

संबंधित समाचार