बदायूं : कलेक्ट्रेट परिसर में विषाख्त पदार्थ खाने वाले युवक पर रिपोर्ट दर्ज
बदायूं, अमृत विचार। दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के आरोपी ने कलेक्ट्रेट परिसर में विषाख्त पदार्थ खाकर जान देने का प्रयास किया। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद से वह फरार चल रहा था। युवक का आरोप है कि उत्तर प्रदेश के एक मंत्री के दवाब में उस पर रिपोर्ट दर्ज की गई है और पुलिस गिरफ्तारी का प्रयास कर रही है। युवक को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उपनिरीक्षक चमन गिरी की तहरीर पर युवक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
थाना उघैती क्षेत्र के एक गांव निवासी जीतेश गुप्ता पुत्र लक्ष्मी नारायण गुप्ता मंगलवार दोपहर लगभग साढ़े 12 बजे प्रार्थना पत्र लेकर डीएम से मिलने कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचे। डीएम कार्यालय में नहीं थे। इसी दौरान युवक ने अपने साथ लाया विषाख्त पदार्थ खा लिया। कलेक्ट्रेट में तैनात सिपाही अरुण कुमार, होमगार्ड जयप्रकाश ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। युवक के पास से मिले प्रार्थना पत्र के अनुसार गांव निवासी युवक से उनकी रंजिश चल रही है। युवक की पत्नी मंत्री की परिचित है। जिसके चलते वह युवक गांव के लोगों पर झूठी रिपोर्ट लिखाता रहता है। आरोप है कि उस युवक ने उनपर और उनके परिजनों पर 21 अक्टूबर 2024 को झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
वह लोग जमानत पर हैं। 10 सितंबर 2025 को गांव की महिला ने उस युवक से मिलकर मंत्री के दवाब में अपनी नाबालिग बेटी से दुष्कर्म की झूठी रिपोर्ट दर्ज करा दी। जबकि एक दिन पहले उन्होंने महिला की बेटी को उसके प्रेमी के साथ आपत्तिजनक हालत में देखा था। शिकायत करने पर झगड़ा हुआ। आपत्तिजनक हालत में पकड़ी गई युवती ने अपने परिजनों के डर से जहरीला पदार्थ खा लिया। जबकि उस दौरान वह कस्बा उघैती थे। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज उनके पास है।
पुलिस विवेचना में उनकी ओर से उपलब्ध कराए जा रहे साक्ष्य सम्मलित नहीं कर रही। जिसकी वजह से वह विषाख्त पदार्थ खाकर आत्महत्या करने को मजबूर हैं। इसके लिए मंत्री, युवक और पुलिस प्रशासन जिम्मेदार है। जिसके बाद उपनिरीक्षक ने युवक पर लोकसेवक को प्रभावित करने के उद्देश्य से अनुचित दवाब बनाने के लिए ऐसा कृत्य करने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
भाई कहीं और पुलिस दिखा रही कहीं और
जीतेश गुप्ता के भाई अंकित ने बताया कि उनके भाई पर झूठी रिपोर्ट दर्ज की गई है। भाई कहीं और था और मुकदमा में दिखाया कहीं और जा रहा है जबकि उनके पास सीसीटीवी कैमरे की फुटेज है। बताने के बाद भी पुलिस कुछ भी सुनने को राजी नहीं है। पुलिस की गिरफ्तारी के डर से परिजन भाग रहे हैं। जीतेश से डीएम कार्यालय आने को मना किया था तो उन्होंने बोला था कि वह मरने जा रहे हैं आज कलेश खत्म कर देंगे। वह उनका पीछा करते हुए आए लेकिन तब तक जीतेश ने विषाख्त पदार्थ खा लिया था।
