अधिशाषी अधिकारी और रुदौली सीएचसी अधीक्षक को लगी फटकार, समाधान दिवस में अधिकारियों ने सुनी लोगों की समस्याएं

Amrit Vichar Network
Edited By Muskan Dixit
On

अयोध्या, अमृत विचार: जिले की सभी तहसीलों में समाधान दिवस का आयोजन किया गया। अधिकारियों ने लोगों की समस्याएं सुनी। जिलाधिकारी निखिल टी. फुंडे ने रुदौली तहसील में समस्या सुनकर निदान कराया। नागरिकों की शिकायत पर नगर पालिका के ईओ और सीएचसी के अधीक्षक को फटकार लगाई। रुदौली प्रतिनिधि के मुताबिक तहसील सभागार में जिलाधिकारी निखिल टीकाराम फुंडे, पुलिस अधीक्षक गौरव ग्रोवर और विधायक रामचंद्र यादव ने लोगों की समस्याएं सुनी। नगर पालिका क्षेत्र की अव्यवस्थाओं पर भी लोगों ने सामूहिक रूप से आवाज उठाई। रेलवे ओवरब्रिज पर खराब पड़ी लाइट, सरकारी नहर और सिंचाई विभाग की उपेक्षा, विद्युत उपखंड कार्यालय की लापरवाही और जीजीआईसी विद्यालय परिसर में जलभराव की समस्या को लेकर नागरिकों ने ईओ नगर पालिका प्रेमनाथ वर्मा के रात्रि निवास न करने का मामला डीएम के सामने उठाया। नाराज डीएम ने ईओ को फटकारा सुधार के निर्देश दिए। सीएचसी रुदौली में गंदगी और जमीन पर प्रसव की शिकायत पर डीएम नाराज हुए। अधीक्षक को भी फटकार लगाई।

डीएम ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रुदौली में व्याप्त गंदगी और अस्पताल के बाहर फैले अतिक्रमण को तत्काल हटाने का निर्देश एसडीएम को दिया।समाधान दिवस में सोनू कुमार यादव निवासी बिड़हार पोस्ट बारी ने मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना के तहत पांच लाख रुपये की बीमा धनराशि दिलाने की गुहार लगाई। मकसूद आलम नूरी निवासी सूफियाना ने मोहल्ले में नीचे लटकते विद्युत तारों की समस्या रखी। वहीं सीताराम, केशवराम और प्रवेश कुमार ने गोगांवा में अवरुद्ध नाले को खुलवाने की मांग उठाई। बाबूपुर मवई निवासी दिव्यांग आरती देवी ने प्रधानमंत्री आवास दिलाए जाने की फरियाद की। हकीमुल पत्नी फारूक ने बैनामा भूमि पर विपक्ष से अवैध निर्माण की शिकायत दर्ज कराई, जबकि लीलावती पत्नी सोहवती ने बीएलओ टांडा खुलासा पर मतदाता सूची में फर्जी नाम बढ़ाए जाने का आरोप लगाते हुए इसे रुकवाने की मांग की। समाधान दिवस में कुल 294 प्रार्थना पत्र आए, जिनमें से मौके पर 11 का निस्तारण किया गया। जिलाधिकारी ने सुबह से लेकर दोपहर तीन बजे तक फरियादें सुनीं। शिकायतकर्ताओं की भारी संख्या के चलते सभागार खचाखच भरा रहा। इस मौके पर एसडीएम विकासधर दुबे, सीओ आशीष निगम, तहसीलदार विजय गुप्ता, नायब तहसीलदार शेखर शुक्ला, सीएचसी अधीक्षक डॉ. फातिमा हसन, अधीक्षक सुनवा डॉक्टर मदन बरनवाल, बीडीओ रुदौली अमित त्रिपाठी, बीडीओ मवई भावना यादव, कोतवाल संजय मौर्य,पटरंगा शशिकांत यादव,बाबा बाजार शैलेन्द्र आजाद, ईओ नगर पालिका प्रेमनाथ मौजूद रहे।

बीकापुर प्रतिनिधि के मुताबिक तहसील सभागार में एडीएम प्रशासन अनिरुद्ध सिंह ने समस्या सुनी। कुल 60 फरियादियों ने अपनी शिकायतें दर्ज कराई, जिसमें 10 शिकायतों का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। सबसे अधिक शिकायत भूमि विवाद और राजस्व के मामलों से संबंधित आई। एडीएम ने संपूर्ण समाधान दिवस में आई शिकायतों को समयबद्ध निस्तारण करने का निर्देश दिया। राजस्व और भूमि विवाद संबंधित कई मामलों में पूर्व में हुई शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही मिलने पर एडीएम ने तहसीलदार और राजस्व कर्मियों के प्रति नाराजगी जताई। समाधान दिवस में एसडीएम श्रेया, तहसीलदार दिनेश कुमार, सीओ पीयूष, सीएचसी अधीक्षक अंशुमन यादव, एसडीओ विद्युत संदीप यादव सहित अन्य विभागों के अधिकारी और राजस्व कर्मी मौजूद रहे। सदर तहसील में एसडीएम आरपी त्रिपाठी ने शिकायतें सुनी। बताया गया कि संपूर्ण समाधान दिवस में कुल 73 शिकायतें आई।इनमें से आठ का निस्तारण मौके पर किया गया।

140 में से चार शिकायतों का निस्तारण

सोहावल प्रतिनिधि के मुताबिक तहसील सभागार में उपजिलाधिकारी सविता देवी ने शिकायतें सुनी। कुल 140 शिकायतें आई। चार का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। शेष शिकायतों को निर्धारित समय सीमा में संबंधित विभागों को निस्तारित करने के निर्देश दिए गए। अर्थर निवासी राम सुरेश सिंह ने क्षेत्र में आवारा पशुओं से हो रहे नुकसान की समस्या उठाई। आरोप था कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद ब्लॉक कर्मी झूठी रिपोर्ट लगाकर मामले का निस्तारण दिखा देते हैं, लेकिन स्थिति जस की तस बनी रहती है। समाधान दिवस में ज्यादातर शिकायतें ब्लॉक और सार्वजनिक वितरण प्रणाली से संबंधित रहीं। इस अवसर पर तहसीलदार प्रदीप कुमार सिंह, नायब तहसीलदार रेशु जैन, खंड विकास अधिकारी अनुपम वर्मा, सप्लाई इंस्पेक्टर पूजा सिंह सहित पुलिस व राजस्व विभाग के कर्मचारी मौजूद रहे।

यह भी पढ़ेंः प्रधानमंत्री मोदी आज शाम 5 बजे करेंगे राष्ट्र को संबोधित... क्या होगी कोई महत्वपूर्ण घोषणा?

संबंधित समाचार