नए अवसरों का केंद्र बना UPITS-2025... दूसरे दिन दिखा युवाओं का जोश, 2 हजार से अधिक दर्ज कराई व्यापारिक पूछताछ

Amrit Vichar Network
Edited By Anjali Singh
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लखनऊ/ग्रेटर नोएडा, अमृत विचार : उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रदर्शनी (यूपीआईटीएस-2025) का दूसरा दिन युवाओं की उमंग और नए अवसरों की तलाश का गवाह बना।उत्तर प्रदेश , अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रदर्शनी , यूपीआईटीएस-2025 , दूसरा दिन ,  मुख्यमंत्री युवा संवाद  , यूपी समाचार  के तहत हजारों छात्र-छात्राओं ने प्रदर्शनी में पहुंचकर न केवल नवीन उद्योगों और उद्यमिता से जुड़े विचारों को जाना, बल्कि बड़ी संख्या में व्यापारिक पूछताछ भी दर्ज कराई।

मुख्यमंत्री युवा संवाद का दूसरा दिन इस बात का प्रतीक बना कि प्रदेश का युवा अब अवसरों को पहचानकर उन्हें साधने के लिए तैयार है। उत्साह, जिज्ञासा और नवाचार से भरी यह भीड़ आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश की दिशा में एक ठोस कदम है। आयोजन ने साबित कर दिया है कि योगी सरकार की पहल युवाओं के आत्मविश्वास को नई दिशा दे रही है।

लखनऊ, बरेली, कानपुर, फिरोजाबाद, गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, गौतमबुद्ध नगर, मैनपुरी और मथुरा से आए करीब 700 और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र से 1500 युवा प्रदर्शनी में आए। सभी स्टॉलों पर मिलाकर युवाओं ने दो हजार से अधिक व्यापारिक पूछताछ की। खासकर ओसियान इंटरप्राइजेज के उपहार सामग्री वाले स्टॉल पर 125 से अधिक छात्रों ने गहरी रुचि दिखाई। वहीं क्यूटीएम, ग्रिप इंटरनेशनल, प्रॉस्पर समूह और कोशिश सस्टेनेबल समाधान जैसे मशीनरी आपूर्तिकर्ता स्टॉलों पर भी जबरदस्त भीड़ रही।

स्टार्टअप्स और फूड ब्रांड्स का आकर्षण

कॉनक्लेव के दौरान 20 से अधिक बी-टू-बी मीटिंग्स आयोजित हुईं। इसके साथ ही डॉ. गैराज, मिस्टर सैंडविच, धोबीलाइट, अर्द्धसैनिक कैंटीन और अमूल इंडिया जैसे स्टार्टअप्स व ब्रांड्स ने छात्रों को अपने बिजनेस मॉडल प्रस्तुत किए। घरेलू सेवाओं से लेकर खाद्य क्षेत्र तक के इन प्रयोगों ने युवाओं को नए अवसरों और बाजार की बदलती आवश्यकताओं से परिचित कराया। विशेषज्ञों ने भी उद्यम स्थापना, व्यवसाय प्रबंधन और वित्तीय सुदृढ़ीकरण पर विस्तार से मार्गदर्शन किया।

आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ता कदम

युवा संवाद ने यह संदेश दिया कि प्रदेश में नवाचार और उद्यमिता का माहौल तेजी से मजबूत हो रहा है। यह मंच न केवल निवेशकों और उद्योगों को जोड़ रहा है, बल्कि युवाओं को रोजगार और स्वावलंबन के अवसर भी उपलब्ध करा रहा है। योगी सरकार की योजनाएं और यूपीआईटीएस-2025 जैसे आयोजन प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति और युवा ऊर्जा को दिशा देने में सहायक सिद्ध हो रहे हैं।

मुख्य आंकड़े

युवाओं की संख्या : 1500

कुल व्यापारिक पूछताछ : 2000 से अधिक

विशेष आकर्षण : ओसियान इंटरप्राइजेज (125 से अधिक युवाओं की रुचि)

प्रमुख स्टॉल : क्यूटीएम, ग्रिप इंटरनेशनल, प्रॉस्पर समूह, कोशिश समाधान

नव उद्यम : डॉ. गैराज, मिस्टर सैंडविच, धोबीलाइट, अर्द्धसैनिक कैंटीन, अमूल

बनारस के घाट से बुद्ध सर्किट तक, यूपी पर्यटन पवेलियन आकर्षण का केंद्र

यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो-2025 में हॉल नंबर-7 का स्टॉल नंबर-12 इस बार दर्शकों के लिए खास आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। यूपी पर्यटन विभाग का यह पवेलियन आगंतुकों को ऐसा अनुभव दे रहा है, मानो वे मेले में नहीं, बल्कि सीधे मौके पर पहुंच गए हों। कहीं बनारस के घाटों की झलक दिखती है तो कहीं बुद्ध सर्किट की भव्यता मन मोह लेती है। वहीं, आधुनिक तकनीक से लैस एआर फोटो बूथ युवाओं की सेल्फी और तस्वीरों का सबसे पसंदीदा स्थल बन गया है।

पवेलियन के प्रवेश द्वार को बनारस की गंगा आरती से प्रेरित कर सजाया गया है। दीप जलाए कलाकारों और घाट की झलक प्रस्तुत करते चबूतरों पर बैठे प्रस्तोता हर आगंतुक को आध्यात्मिक शांति का अनुभव कराते हैं। इन वीआर (वर्चुअल रियलिटी) अनुभव के जरिए ऐसा अहसास होता है, मानो नाव में बैठकर गंगा की लहरों पर बनारस का भ्रमण हो रहा हो।
स्टॉल का बुद्ध सर्किट गेट युवाओं का सबसे बड़ा सेल्फी प्वाइंट बन चुका है। गाजियाबाद से आए अमित का कहना था कि यह केवल फोटो स्पॉट नहीं, बल्कि बुद्ध के शांति और करुणा के संदेश का प्रतीक भी है। छात्र और शोधार्थी भी इसे बेहद रोचक मान रहे हैं और इसे बौद्ध सर्किट को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम बता रहे हैं।

विरासत और जायकों का संगम

पवेलियन में यूपी की धरोहर और जायकों का अनोखा संगम देखने को मिल रहा है। सहारनपुर की लकड़ी की कारीगरी, कन्नौज का इत्र, मुरादाबाद का पीतल शिल्प, भदोही के कालीन, वाराणसी की बनारसी साड़ी, आगरा का पेठा, मथुरा का पेड़ा और बनारसी पान हर आगंतुक का मन मोह रहे हैं।

एआर फोटो बूथ बना युवाओं का हिट

स्टॉल की सबसे बड़ी विशेषता एआर फोटो बूथ है। यहां आगंतुक अपनी पसंद का मंदिर या पर्यटन स्थल चुनकर उसके साथ डिजिटल फोटो खिंचवा सकते हैं। फोटो के तुरंत बाद एक क्यूआर कोड मिलता है, जिसे स्कैन कर तस्वीर मोबाइल पर डाउनलोड की जा सकती है। दिल्ली से आई पर्यटक नेहा ने बताया कि ऐसा लगा मानो मैं सचमुच मथुरा के मंदिर में खड़ी हूं। यह अनुभव दोस्तों को भी यहां खींच लाया।

निवेश और संभावनाएं

यह पवेलियन केवल पर्यटन स्थलों का प्रचार नहीं कर रहा, बल्कि ‘एक जिला, एक उत्पाद’ जैसी महत्वाकांक्षी योजना को भी सशक्त रूप से सामने ला रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की प्रस्तुति राज्य में पर्यटन के साथ-साथ निवेश की संभावनाओं को भी बढ़ाएगी।

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