ऐतिहासिक धरोहर है चौक की छोटी काली जी मंदिर... नवरात्र पर लगता है विशेष मेला, श्रद्धालुओं की उमड़ती है भीड़
लखनऊ, अमृत विचारः चौक क्षेत्र में स्थित छोटी काली जी मंदिर न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह शहर की सांस्कृतिक विरासत का भी अहम हिस्सा है। करीब 400 वर्ष पुराना यह मंदिर, जैन मंदिर के सामने वाली गली के अंतिम छोर पर स्थित है। इसका नाम छोटी काली जी इसलिए पड़ा क्योंकि कालांतर में आसपास दो काली मंदिर स्थापित हुए, जिनमें यह आकार और विस्तार में छोटा था।
मंदिर में स्थापित मां काली की प्रतिमा मंदिर परिसर में ही स्थित एक प्राचीन कुएं से प्राप्त हुई थी। इसके अतिरिक्त परिसर में श्रीराम दरबार, राधाकृष्ण, शिव, गणेश जी सहित कई अन्य देवी-देवताओं की भी मूर्तियां विराजमान हैं। नवरात्रि के दौरान, न केवल लखनऊ बल्कि आसपास के जिलों से भी हजारों श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं। मंदिर के पुजारी जगमोहन का कहना है कि जो भक्त सच्चे मन और श्रद्धा से यहां दर्शन करता है, उसकी मनोकामना पूर्ण होती है। मंदिर के बाहर विशाल मेला भी लगता है, जो विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों के लिए आकर्षण का केंद्र होता है। मेले में कपड़े, कृत्रिम आभूषण, श्रृंगार सामग्री और बच्चों के खिलौनों की अनेक दुकानें सजती हैं, जिससे धार्मिक आस्था के साथ-साथ सांस्कृतिक रंग भी देखने को मिलता है।
