जयमाल बाद लौटी बारात...आंसू बहा ले गए खुशियां , बाराबंकी में दहेज और DJ के विवाद में टूटी बेटी की शादी

Amrit Vichar Network
Edited By Anjali Singh
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बाराबंकी, अमृत विचार। थाना क्षेत्र के ज्यौरी गांव में रविवार की रात खुशियों का माहौल मातम में बदल गया। सप्ताह भर में दो मौतों के बाद भी साहस बटोरकर बेटी का घर बसने का सपना संजोए पिता के अरमान तब चकनाचूर हो गए, जब जयमाल के बाद डीजे के शोर और अचानक दहेज की मांग ने शादी ही तोड़ दी।

ज्यौरी गांव वासी किसान राजेश की बेटी पूजा की शादी बदोसरांय थाना क्षेत्र के तूलीपुर निवासी सूरज पुत्र राजू से तय थी। सूरज चेन्नई में नौकरी करता है। शादी की तैयारियां महीनों से चल रही थीं लेकिन किसे पता था कि सदमे के साये में हो रही शादी लालच की भेंट चढ़ जाएगी और बेटी अपनी किस्मत को कोसती रह जाएगी। 

पहला सदमा तब लगा जब शादी से पांच दिन पहले ही पूजा की दादी प्रेमा देवी का निधन हो गया। परिवार ने तय किया कि शादी की तारीख नहीं टाली जाएगी, बस रस्में सादगी से पूरी होंगी। दूल्हा पक्ष से भी इस बात पर सहमति बन गई थी लेकिन शादी के दिन सुबह ही पूजा के चचेरे भाई प्रदीप 13 की अचानक मौत हो गई।

शोक से टूटा परिवार फिर भी हिम्मत कर खड़ा रहा। पिता राजेश ने बारातियों से विनती की कि घर में मौत हुई है, बस शादी की रस्में शांति से पूरी कर दें, डीजे मत बजवाना मगर बारात आने पर बात डीजे को लेकर ही बिगड़ गई। 

मना करने के बावजूद दूल्हा पक्ष के लोग डीजे बजाने पर अड़े रहे। बहस बढ़ी, माहौल गरम हुआ और इसी बीच दहेज की नई मांग सामने आ गई कि बाइक, सोने की चेन और 50 हजार रुपए नकद दो। गरीब पिता राजेश हाथ जोड़कर विनती करता रहा लेकिन दूल्हा पक्ष नहीं माना।

जयमाल भी हो गई, फिर भी बारात बीच में ही लौट गई। लाल जोड़े में सजी पूजा मेहंदी लगे हाथों से आंसू पोंछती रही। जिस आंगन से डोली उठनी थी, वहां मातम पसरा था। रिश्तेदारों और गांव वालों में गुस्सा और गहरा दुख है।

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