चुनाव आयोग MLC election में ही कर लेगा होमवर्क, विधान सभा और लोक सभा चुनाव की तर्ज पर तैयार होगी मतदाता सूची
11 सीटों के चुनाव की मतदाता सूची में इस बार तकनीक का होगा प्रयोग
लखनऊ, अमृत विचार: चुनाव आयोग उत्तर प्रदेश में होने जा रहे एमएलसी चुनाव में ही विधान सभा व लोक सभा चुनाव जैसी कवायद का होमवर्क कर लेगा। दरअसल, इस बार एमएलसी चुनाव की मतदाता सूची विधान सभा व लोक सभा चुनाव की तर्ज पर तैयार होगी। विधान परिषद की शिक्षक व स्नातक कोटे की 11 सीटों के चुनाव की मतदाता सूची में इस बार तकनीक का प्रयोग होगा। अभी तक यह प्रक्रिया मैनुअल थी, जिससे कई तरह की त्रुटियां होतीं थीं।
अगले साल 6 दिसंबर को पांच स्नातक निर्वाचन क्षेत्र व छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की सीटें खाली हो रही हैं। इनमें लखनऊ, वाराणसी, आगरा, मेरठ व इलाहाबाद-झांसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में लखनऊ, वाराणसी, आगरा, मेरठ, बरेली-मुरादाबाद और गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं।
इन सीटों की मतदाता सूची बनाने का काम 30 सितंबर से शुरू हो चुका है। ऑनलाइन मतदाता बनने की भी सुविधा भी दी गई है। अब तक 27 हजार से अधिक स्नातक सीटों व पांच हजार शिक्षक सीटों के लिए मतदाताओं के ऑनलाइन आवेदन हो चुके हैं। आवेदन करने की अंतिम तारीख 6 नवंबर है। स्नातक सीटों के मतदाता बनने के लिए मार्कशीट या डिग्री की पीडीएफ अपलोड करनी होती है। इससे पहले जितने भी चुनाव हुए सभी में वोटर बनने के लिए आवेदन फार्म का निस्तारण मैनुअल होता था। टाइपिंग में भी गलतियां हो जाती थीं। इस बार ऑनलाइन मतदाता सूची बनाने से गड़बड़ियों की संभावना कम है।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतदाता सूची में नाम शामिल कराने के लिए पहली नवंबर 2025 से कम से कम तीन वर्ष पूर्व स्नातक पास होना जरूरी है। वहीं, शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का मतदाता बनने के लिए पहली नवंबर 2025 से पहले ऐसे शैक्षणिक संस्थान जिसका स्तर माध्यमिक विद्यालय से कम न हो, में बीते छह सालों के अंदर शिक्षण कार्य में न्यूनतम तीन वर्ष की अवधि से कार्यरत होना आवश्यक है।
