कानपुर : हरे भरे किदवई नगर में 264 AQI, कल्याणपुर भी खराब स्थिति में, दिन में भी छाया रहा फॉग
कानपुर, अमृत विचार। शहर की हवा एक बार फिर से खराब हो गई है। लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। वहीं, पुरानी सांस की बीमारी वालों को ट्रीटमेंट तक लेना पड़ रहा है। गुरुवार को एक बार फिर से शहर का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 221 दर्ज किया गया।
यह बुधवार से कुछ सुधरा जरूर लेकिन अभी भी खराब बना हुआ है। हरे भरे क्षेत्र किदवई नगर में दीपावली के बाद सबसे ज्यादा एक्यूआई है। संजय वन व घने पेड़ों के बीच लगे यूपीपीसीबी के स्टेशन पर गुरुवार को 264 एक्यूआई दर्ज किया गया।
शहर में दीपावली से पहले ही हवा मॉडरेट (बदलना) शुरू हो गई थी। लेकिन, दीपावली की देर रात तक हुई आतिशबाजी के बाद तो हवा में धुआं छा गया है। जिसके बाद से बुधवार को सर्वाधिक एक्यूआई 253 दर्ज किया गया। इससे पहले 18 अक्टूबर को 206, 19 को 201 21 ओ 229 एक्यूआई दर्ज किया गया। जो खराब श्रेणी में कहा जाता है।
वायुप्रदूषण बढ़ने के बाद से ही नगर निगम और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से धूल नियंत्रण के लिए पानी का छिड़काव शुरू कर दिया गया है। खुले में जल रहे कचरा और निर्माण स्थलों पर ग्रीन चादर से ढ़कने को लेकर अधिकारियों ने मॉनीटरिंग बढ़ा दी है।
गुरुवार को साकेत नगर में नगर निगम के कर्मचारियों ने मौके पर पहुंचकर जल रहे कूड़े को पानी से बुझाया। यहां जोन 3 डंप के बाहर कूड़े में किसी ने आग लगा दी थी। बता दें कि आतिशबाजी से निकले सूक्ष्म कण पीएम 2.5 और पीएम 10 अब हवा में घुलकर उसे खतरनाक बना रहे हैं। ये कण फेफड़ों के अंदर तक जाकर सांस की नलियों को प्रभावित करते हैं।
तीन प्रमुख निगरानी केंद्र में दर्ज एक्यूआई
वायु प्रदूषण प्रदूषण मापन के लिए शहर के तीन प्रमुख निगरानी केंद्र में गुरुवार को खराब एक्यूआई दर्ज किया गया। इसमें एफटीआई किदवई नगर में 264, एनएसआइ कल्याणपुर में 232 और नेहरू नगर में 166 एक्यूआई दर्ज किया गया। यह एक्यूआई बुधवार की अपेक्षा कम रहा।
नगर निगम ने पानी का छिड़काव शुरू किया किया है। निर्माण स्थलों की निगरानी की जा रही है। नियम तोड़ने पर कार्रवाई की जाएगी... अजीत कुमार सुमन, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी।
