विसरा रिपोर्ट से ही साफ होगा सिस्टम इंजीनियर की मौत का रहस्य, घरवालों ने नहीं दी तहरीर, घर पर लगा रिश्तेदारों का तांता
लखनऊ, अमृत विचार: दिल्ली स्थित रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) में कार्यरत ब्रह्मोस मिसाइल के सिस्टम इंजीनियर आकाशदीप गुप्ता (30) की मौत के मामले में 24 घंटे बाद भी परिजन ने आलमबाग कोतवाली में कोई तहरीर नहीं दी है। अतिरिक्त निरीक्षक आलमबाग फूलचंद ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह साफ तौर पर स्पष्ट नहीं है। विसरा रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की वजह साफ होगी। वहीं, अगर परिजन तहरीर देंगे तो जांच की जाएगी।
इंस्पेक्टर ने बताया कि आकाशदीप रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन दिल्ली में इंजीनियर थे। भिलांवा के ओमनगर निवासी भाई अनुराग ने बताया कि आकाशदीप ब्रह्मोस मिसाइल के सिस्टम इंजीनियर भी थे। आकाशदीप बीते कई वर्षों से ब्रह्मोस मिसाइल के मिशन से जुड़े थे। कुछ दिन पहले वह छुट्टी लेकर घर आए थे। मंगलवार देर रात अचानक आकाशदीप की तबीयत बिगड़ गई। परिवार ने उन्हें लोकबंधु अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। इंस्पेक्टर ने बताया कि परिवार ने तो आरोप लगाए नहीं है, फिर भी पुलिस अपने स्तर पर जांच करेगी। आकाशदीप का परिवार बसने से पहले ही उजड़ गया। करीब छह माह पूर्व उसकी शादी भारती गुप्ता से हुई थी। भारती गुप्ता दिल्ली केनरा बैंक अधिकारी हैं। आकाश की मौत से हर कोई स्तब्ध है।
