Bareilly : बवाल के आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई बनी उपलब्धि
बरेली, अमृत विचार। एसएसपी अनुराग आर्य को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को लखनऊ में हुए कार्यक्रम में सम्मानित करते हुए उत्कृष्ट सेवा पुलिस पदक दिया। मुख्यमंत्री ने एसएसपी की सराहना करते हुए जमकर पीठ थपथपाई। एसएसपी को यह सम्मान 26 सितंबर को शहर में हुए बवाल में खुद सड़क पर उतरकर उपदव्रियों पर कार्रवाई कर शहर को आग में जलने से बचाने और उपद्रवियों की ताबड़तोड़ गिरफ्तारी पर दिया गया है। इसके अलावा जिले की पुलिस की लिए पहली बने साइको किलर को गिरफ्तार करके खुलासा करने के बाद उसे जेल भेजा था।
एसएसपी अनुराग आर्य के नेतृत्व में जिले में अपराधियों पर शिकंजा कसता गया। माफिया, हिस्ट्रीशीटर और अराजक तत्व या तो जेल पहुंचे या जिले से बाहर होने को मजबूर हुए। आम जनता ने राहत की सांस ली और पुलिस पर भरोसा फिर से कायम हुआ। शाही और शीशगढ़ थाना क्षेत्र में साल भर में करीब 11 महिलाओं की हत्या की गई थी। इनका खुलासा बरेली पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ था।
पूर्व के तेज तर्रार अधिकारी भी घटना का खुलासा नहीं कर सके थे। इसके बाद वर्ष 2024 में चार्ज लेने के बाद एसएसपी अनुराग आर्य ने शाही थाना क्षेत्र के चर्चित सीरियल किलिंग मामले का खुलासा किया था। उन्होंने कई टीमों का गठन करके खुद मॉनिटिरिंग की थी। इसके बाद नवाबगंज निवासी कुलदीप गंगवार को गिरफ्तार कर महिलाओं की हत्याओं की घटनाओं का खुलासा किया था।
बरेली का माहौल बिगाड़ने की 26 सितंबर को सुनियोजित साजिश रची गई थी। अराजक तत्व शहर को आग में झोंकने की फिराक में थे, लेकिन एसएसपी अनुराग आर्य ने मौके की नजाकत को भांपते हुए खुद मोर्चा संभाला था। बवाल कराने वाले आरोपी मौलाना तौकीर रजा समेत अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार करके शहर को आग में जलने से बचाया था।
बरेली बवाल के बाद बरेली पुलिस की कार्रवाई का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कई जनसभा में भी जिक्र किया था। एसएसपी अनुराग आर्य को यह पुरस्कार जनपद बरेली में अपराध नियंत्रण के साथ ही शांति और कानून व्यवस्था को बरकरार रखने के लिए दिया गया है।
