Bareilly: ठंड में रोडवेज में यात्रियों की आई कमी...गिरने लगी आय

Amrit Vichar Network
Published By Monis Khan
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बरेली, अमृत विचार। ठंड का असर परिवहन व्यवस्था पर साफ नजर आ रहा है। रोडवेज की बसों में यात्रियों की संख्या लगातार घट रही है, जिससे अधिकांश बसें बेड़े में ही खड़ी रहती हैं। यात्रियों की कमी से आय में भी गिरावट देखने को मिली रही है।

जिले में दो डिपो हैं। इनमें बरेली डिपो में 209 और रुहेलखंड डिपो की 200 बसें चलती हैं। ठंड के चलते इन दिनों विभिन्न रूटों पर चलने वाली इन बसों का लोड फैक्टर छह से सात प्रतिशत तक गिर गया है। इससे डिपो को यात्री भाड़े में लगभग 25 प्रतिशत की कमी झेलनी पड़ रही है। खाली सीटों के साथ बसें तय रूट पर दौड़ने से चालक, परिचालक और रोडवेज प्रशासन सब परेशान हैं। हालात विशेष रूप से त्योहारों और मेले के समय ओर भी चुनौतीपूर्ण बने हैं। 

उदाहरण के तौर पर, प्रयागराज में लगने वाले माघ मेले के लिए रोडवेज प्रशासन ने अतिरिक्त बसों की व्यवस्था की ही। हालांकि माघ मेले के पहले स्नान पौष पूर्णिमा पर शुक्रवार और शनिवार को यात्रियों के निकलने की उम्मीद थी, लेकिन मेले में जाने वाले यात्री लगभग नाममात्र ही थे। इसके कारण कई बसें बेड़े में खड़ी रहीं। इससे डिपो की आय पर असर पड़ा। अब प्रशासन माघ पूर्णिमा और वसंत पंचमी पर बेहतर सवारी की उम्मीद लगाए हुए है।

आरएम दीपक चौधरी का कहना है दिसंबर और जनवरी हर साल कम सवारी वाले महीने होते हैं, इसलिए इसे नुकसान नहीं माना जा सकता। माघ मेला जैसे आयोजनों में प्रशासन हमेशा तैयार रहता है और रात के समय यात्री मिलने पर अतिरिक्त बसें भेजने का इंतजाम किया जाता है। इस प्रकार, रोडवेज ठंड के बावजूद सेवा जारी रखे हुए हैं, ताकि यात्रियों को सुविधाजनक और समय पर यात्रा मिल सके।

शाम छह के बाद बसों में 25 यात्री किए अनिवार्य
सर्दियों में कोहरे की वजह से होने वाले हादसों को रोकने के लिए राज्य प्रबंधक ने आदेश जारी किया है। इसके अनुसार शाम छह बजे के बाद किसी भी रोडवेज बस को तभी रवाना किया जाएगा जब उसमें कम से कम 25 यात्री सवार हों। आरएम दीपक चौधरी ने बताया कि बरेली से दिल्ली, लखनऊ, देहरादून, प्रयागराज, मथुरा और लोकल रूट पीलीभीत, शाहजहांपुर, टनकपुर समेत अन्य मार्गों पर बस संचालित होती हैं। कोहरे के कारण रात में दृश्यता कम हो जाती है, जिससे हादसे का खतरा बढ़ता है। राज्य प्रबंधक के आदेश को डिपो स्तर से सभी चालक और परिचालकों को अवगत करा दिया गया है। इस आदेश से बसों का राजस्व भी सुरक्षित रहेगा और दुर्घटनाओं की संभावना घटेगी।

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