Bareilly : अंगीठी के धुएं से सेवानिवृत्त बीडीओ और पत्नी की दम घुटने से मौत
बरेली, अमृत विचार। सर्दी से बचने के लिए कमरे में अंगीठी जलाकर सोए सेवानिवृत्त बीडीओ और उनकी पत्नी की दम घुटने से मौत हो गई। परिवार के लोगों ने सोमवार की सुबह कमरे से धुंआ निकलता देखा तो उन्हें घटना की जानकारी हुई। इसके बाद दरवाजा खोलकर देखा गया तो बीडीओ झुलसी हुई अवस्था में मिले, जबकि उनकी पत्नी बिस्तर पर बेसुध थीं। डॉक्टरों ने मौके पर पहुंचकर दोनों को मृत घोषित कर दिया। परिवार के लोगों ने पुलिस को बिना सूचना दिए ही दंपत्ती का अंतिम संस्कार कर दिया।
प्रेमनगर थाना क्षेत्र के राजेन्द्र नगर निवासी 98 वर्षीय रिटायर्ड बीडीओ उमा शंकर सक्सेना और उनकी 78 वर्षीय पत्नी कामिनी देवी रविवार की रात अपने कमरे में अंगीठी जलाकर सोए थे। सोमवार की सुबह जब उनके कमरे से धुआं निकलता देखा तो परिजनों में हड़कंप मच गया। पोते के शोर मचाने पर परिजन पहली मंजिल पर पहुंचे। उमा शंकर के बेटे डॉ. आलोक कुमार सक्सेना ने बताया कि उनके पिता कृषि विभाग में बीडीओ के पद से रिटायर हुए थे। कमरे में वेंटिलेशन न होने और अंगीठी जलती रहने के कारण ऑक्सीजन खत्म हो गई, जिससे दम घुटने से दोनों की मौत हो गई। उमा शंकर सक्सेना के चार बेटे थे। इसमें से दो की पहले ही मौत हो चुकी है, जबकि दो बेटों में से आलोक कुमार सक्सेना डॉक्टर हैं और नवीन सक्सेना व्यवसायी हैं।
पुलिस को बिना सूचना दिए किया अंतिम संस्कार
परिजनों ने बुजुर्ग दंपत्ती की मौत के बाद पुलिस को भी सूचना नहीं दी। बुजुर्ग दंपत्ती का पोस्टमार्टम नहीं कराया गया और उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। बिना किसी जांच और पंचनामे के शवों का दाह संस्कार किए जाने को लेकर भी मोहल्ले में चर्चा हो रही है। प्रेमनगर थाना प्रभारी सुरेन्द्र कुमार ने बताया कि घटना की सूचना मिली थी। चौकी इंचार्ज को जांच के लिए भेजा गया है।
