UP: पीलीभीत में बोले अलंकार...यूजीसी से शिकायत के बाद जांच में भी होता सवर्ण समाज का शोषण 

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Edited By Amrit Vichar
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पीलीभीत/बीसलपुर, अमृत विचार। यूजीसी कानून को लेकर इस्तीफा देने के बाद चर्चा में आए बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट (निलंबित पीसीएस अफसर) अलंकार अग्निहोत्री मंगलवार को जनपद में पहुंचे। पहले उनके शहर के मां यशवंतरी देवी मंदिर में पहुंचने की चर्चाएं चल रही थी। जिसे लेकर पुलिस बल मंदिर में सुबह से ही मुस्तैद रहा। हालांकि दोपहर में शहर के बजाय बीसलपुर पहुंचे। राष्ट्रीय युवा विकास संगठन के अध्यक्ष नितिन पाठक के कैंप कार्यालय पर सवर्ण समाज के लोगों के साथ बैठक की और खुलकर बात रखी।

अलंकार अग्निहोत्री ने कहा कि सत्ता में बने रहने के लिए यूजीसी कानून 2026 लाया गया। ये एक सोंची समझी साजिश के तहत हुआ।  13 जनवरी को इसका गजट प्रकाशित हुआ और 15 जनवरी को ये यूजीसी की वेबसाइट पर प्रकाशित कर दिया गया। उसी दिन ये गजट हम लोगों को मिला था और जब प्रावधान देखे गए तो ये समझ आया कि इससे एक गहरी खाई जो सामान्य और ओबीसी के बीच आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए केंद्र द्वारा खींची गई। इसे लेकर विभिन्न संगठन साथ आए और जन आंदोलन किया गया। 

उन्होंने कहा कि भाजपा नेता कलराज मिश्र भी इसे असंवैधानिक बता गए थे। कहा कि अगर ये अधिनियम लागू हो जाता तो सामान्य वर्ग का काफी नुकसान होता।  शिकायत के बाद जांच में भी शोषण होता। कहा कि सिर्फ सामान्य वर्ग ही नहीं दूसरे वर्ग भी इससे प्रभावित होते। इस कानून से गुटबाजी को बढ़ावा मिलता। कहा कि अगर थोड़ा सा चूक हो जाती तो आंतरिक कलह की स्थिति बन जाती। कहा कि कोई भी ब्राह्मण एमपी एमएलए नहीं बोला। 

पीलीभीत सांसद जितिन प्रसाद, पूर्व उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा समेत कई सवर्ण समाज के नेताओं का नाम लेते हुए सवाल उठाए और यूजीसी कानून को लेकर चुप्पी साधने की आलोचना की। उन्होंने एससी एसटी एक्ट को खत्म करने की भी मांग की।  इस मौके पर युवा विकास संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन पाठक के अलावा अखिल भारत हिंदू महासभा के नगर अध्यक्ष सुशील अवस्थी, महामंत्री अवनीश रतन, राजेश दुबे, राजेश मिश्रा, कुलदीप पाठक, राजू मिश्रा, शिवेंद्र शुक्ला, प्रांजल मिश्रा, बिट्टू मिश्रा आदि मौजूद रहे। सभी ने अलंकार अग्निहोत्री का फूल माला पहनाकर कर स्वागत किया। इसके बाद देर शाम वह पीलीभीत के मां यशवंतरी देवी मंदिर पहुंचे और यहां भी सवर्ण समाज के लोगों ने स्वागत किया। यहां पर भी उन्होंने संबंधित मुद्दों पर अपनी बात रखी।

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