आत्मनिर्भर यूपी को गति देगी एआई कौशल क्रांति, टेक युवा–समर्थ युवा से 25 लाख युवाओं को मिलेगी ट्रेनिंग
लखनऊ, अमृत विचार: योगी सरकार ने भविष्य की अर्थव्यवस्था के लिए तैयार करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। ‘टेक युवा–समर्थ युवा’ योजना के जरिए प्रदेश के 25 लाख युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), ऑगमेंटेड रियलिटी (एआर), वर्चुअल रियलिटी (वीआर) और एक्सटेंडेड रियलिटी (एक्सआर) जैसी अत्याधुनिक तकनीकों में प्रशिक्षित किया जाएगा। यह पहल केवल तकनीकी प्रशिक्षण नहीं, बल्कि मानव पूंजी के सशक्तीकरण की व्यापक रणनीति है।
सरकार का मानना है कि 21वीं सदी की प्रतिस्पर्धा संसाधनों से अधिक कौशल आधारित है। पहले चरण में डिजिटल अवसंरचना को मजबूत करते हुए युवाओं को टैबलेट उपलब्ध कराए गए। अब इन्हीं डिजिटल साधनों को कौशल विकास के प्रभावी मंच के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा। एप आधारित प्रशिक्षण मॉड्यूल के माध्यम से युवाओं को उद्योगोन्मुख और व्यावहारिक शिक्षा दी जाएगी, जिससे वे सीधे रोजगार, स्वरोजगार और स्टार्टअप से जुड़ सकें।
वित्तीय वर्ष 2026–27 में 100 करोड़ रुपये का प्रावधान इस बात का संकेत है कि सरकार युवाओं को केवल डिग्रीधारी नहीं, बल्कि दक्ष और आत्मनिर्भर बनाना चाहती है। डिफेंस कॉरिडोर, डेटा सेंटर पार्क और औद्योगिक निवेश के विस्तार के साथ कुशल मानव संसाधन की मांग तेजी से बढ़ रही है। यह योजना उसी आवश्यकता को पूरा करेगी। इस पहल की खास बात यह है कि इसका लाभ ग्रामीण और अर्धशहरी क्षेत्रों तक भी पहुंचेगा, जिससे क्षेत्रीय असमानता कम होगी और समान अवसर मिलेंगे।
25 लाख युवाओं को एआई और उन्नत तकनीकों में प्रशिक्षित करना एक संरचनात्मक बदलाव है। यह कदम प्रदेश की अर्थव्यवस्था को अगले दशक के लिए रीडिफाइन करेगा और युवा शक्ति को इनोवेशन व निवेश को आकर्षित करने वाली दक्ष कार्यशक्ति में बदलेगा।-मनिन्द्र अग्रवाल, डायरेक्टर, आईआईटी, कानपुर
