इटावा : सिविल सेवा अभ्यर्थी की हत्या में महिला सिपाही समेत चार पर मुकदमा दर्ज
इटावा। उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में सिविल सेवा प्रतियोगी छात्र मनीष यादव की हत्या के मामले में उसके पिता की तहरीर पर महिला पुलिसकर्मी समेत चार लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। भरथना क्षेत्र के पुलिस उपाधीक्षक आर. डी. मौर्य ने रविवार को बताया कि मृतक के पिता राजवीर सिंह की ओर से दिए गए प्रार्थना पत्र के आधार पर मनीष की कथित प्रेमिका, उत्तर प्रदेश पुलिस की प्रशिक्षु सिपाही आकांक्षा यादव, उसके भाई सीआरपीएफ जवान अभिषेक यादव तथा विपिन और दीपक सहित चार लोगों के खिलाफ भारदाना थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
तहरीर में आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने मनीष का अपहरण कर उसकी हत्या की और शव को रेलवे ट्रैक पर फेंककर दुर्घटना का रूप देने का प्रयास किया। पुलिस के अनुसार मामले में पकड़े गए आरोपी दीपक से पूछताछ के दौरान हत्या में प्रयुक्त कार, जले हुए कपड़े, बैग, जूते तथा चाकू बरामद किए गए हैं। शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए क्षेत्राधिकारी रामदवन मौर्य के नेतृत्व में तीन टीमें गठित की गई हैं।
इनमें थाना प्रभारी विक्रम सिंह, इंस्पेक्टर क्राइम अरिमर्दन सिंह तथा अन्य पुलिसकर्मी शामिल हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपी अभिषेक घटना के बाद पंजाब चला गया था, जिसकी तलाश में एक टीम रवाना की गई है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी विपिन कथित रूप से आकांक्षा से एकतरफा प्रेम करता था, जबकि आकांक्षा और मनीष के बीच संबंध थे। इसी रंजिश के चलते साजिश रची गई।
पूछताछ में यह भी सामने आया कि हत्या के बाद शव को बोरे में भरकर डीएफसीसी रेलवे लाइन पर रख दिया गया तथा पहचान छिपाने के लिए कपड़े और अन्य सामान जला दिए गए। मृतक के परिजनों का कहना है कि मनीष एक टैबलेट का इस्तेमाल करता था, जिसे अभी तक बरामद नहीं किया जा सका है। उनका मानना है कि डिवाइस मिलने पर मामले में और तथ्य सामने आ सकते हैं। पुलिस का कहना है कि शेष आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी कर मामले में अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।
