हजारों युवाओं को रोजगार देने की तैयारी : अयोध्या, गोरखपुर, रायबरेली, फतेहपुर व मिर्जापुर में स्थापित होंगी यूनिट
लखनऊ, अमृत विचार : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में 3540 करोड़ के निवेश प्रस्तावों को मंजूरी दे दी गई है। इसके तहत प्रदेश के पांच जिलों अयोध्या, गोरखपुर, रायबरेली, फतेहपुर और मिर्जापुर में सुपर मेगा श्रेणी की औद्योगिक इकाइयां स्थापित की जाएंगी। इन परियोजनाओं के लिए संबंधित कंपनियों को जल्द ही लेटर ऑफ कम्फर्ट जारी किया जाएगा।
औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने बताया कि इन निवेश प्रस्तावों से प्रदेश में औद्योगिक विकास को गति मिलेगी और हजारों युवाओं के लिए प्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। स्वीकृत प्रस्तावों के तहत पक्का लिमिटेड अयोध्या में ₹676.26 करोड़, गैलेंट इस्पात लिमिटेड गोरखपुर में ₹765.11 करोड़, रिलायंस सीमेंट कंपनी प्रा. लि. रायबरेली में ₹550.31 करोड़, डालमिया भारत ग्रीन विजन लिमिटेड फतेहपुर में ₹776.35 करोड़ और मिर्जापुर में ₹772.26 करोड़ के निवेश से औद्योगिक इकाइयां स्थापित करेंगी। इसके अलावा कैबिनेट ने जनपद सीतापुर में स्थापित रेडिको खेतान लिमिटेड को ₹6.88 करोड़ की पूंजीगत सब्सिडी देने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है।
मंत्री नंदी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश तेजी से निवेश का प्रमुख केंद्र बन रहा है। सरकार हर निवेश प्रस्ताव को धरातल पर उतारने के लिए प्रतिबद्ध है और एमओयू को अंतिम रूप तक पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
औद्योगिक इकाइयों को 566.77 करोड़ की एसजीएसटी प्रतिपूर्ति
मंत्रिपरिषद ने औद्योगिक इकाइयों को प्रोत्साहन देने के लिए ₹566.77 करोड़ की एसजीएसटी प्रतिपूर्ति को भी मंजूरी दी है। इसके तहत गोरखपुर की गैलेंट इस्पात लिमिटेड को करीब ₹244.39 करोड़, जबकि अन्य कंपनियों अंकुर उद्योग, पसवारा पेपर्स, अल्ट्राटेक सीमेंट और अन्य को भी निर्धारित राशि दी जाएगी। इसके अलावा उन्नाव की इंटरनेशनल ट्रैक्टर्स लिमिटेड और गौतमबुद्धनगर की विजन सोर्स एलएलपी को फ्रंट एंड लैंड सब्सिडी के रूप में भी बड़ी राशि स्वीकृत की गई है।
